अहरौला। कतर सरकार द्वारा भारत के आठ नौ सेना के पूर्व अधिकारियों को फांसी की सजा देने को लेकर युवाओं का गुस्सा फूट पड़ा। कतर सरकार के इस निर्णय के विरोध में सोमवार को वह अहरौला कस्बे में सड़क पर उतर कर नारेबाजी करते हुए विरोध प्रदर्शन किया।
भारत सरकार से मांग किया कि भारतीय नौ सैनिकों को ससम्मान वापसी कराई जाय। यह भारत देश का अपमान है, जिसे किसी भी दशा में भारतीय युवा सहन नहीं करेगा। आक्रोशित युवाओं द्वारा विरोध जताया गया। युवाओं ने कहा कि कतर का यह निर्णय निंदनीय है, और कायरतापूर्ण है। युवाओं ने भारत के राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री को ज्ञापन भेज कर पूर्व नौ सैनिकों के ससम्मान वापसी की मांग किया। सैनिक हमारे देश के समुद्र की सीमाओं में अपनी जान की बाजी लगाकर सुरक्षा देते हैं। कई सैनिक राष्ट्रपति पुरस्कार प्राप्त हैं, और कतर में बिना किसी कारण बताए हुए ऐसे सैनिकों को फांसी की सजा दी गई है जो निंदनीय और कायरतापूर्ण है। प्रदर्शन करने वालों में प्रेम सागर मोदनवाल, धीरज, शशांक, मुकेश, दीपक, अंजर शेख, इस्माइल शेख आदि मौजूद रहे।