आजमगढ़। माफिया सरगना मुख्तार अंसारी गैंग की लगाम कसने का शासन स्तर से निर्देश हो चुका है। इसके बाद से ही पुलिस इस गैंग के सदस्यों और उससे जुड़े लोगों पर लगातार कार्रवाई कर रही है। जिले में भी मुख्तार गैंग का अच्छा खासा प्रभाव है। ठेकेदारी से लेकर हफ्ता वसूली तक का धंधा जिले में मुख्तार से जुड़े लोग करते है। ऐसे इस गैंग से जुड़े आठ से दस की संख्या में लोग भी चिन्हित किए जा चुके है। जिनके असलहा लाइसेंस निरस्त करने के साथ ही कार्रवाई रणनीति बनने में पुलिस महकमा जुटा हुआ है।
जिले में मुख्तार गैंग से जुड़े लोगों की सहीं संख्या का अंदाजा अभी किसी के पास नहीं है। पुलिस के पास भी ऐसा कोई रिकार्ड नहीं है। फिर भी शासन के निर्देश के बाद इस गैंग को लेकर पुलिस महकमें में सरगर्मी काफी तेज है। अभी हाल में ही मुख्तार गैंग के बरदहस्त से मऊ जिले में संचालित बुचड़खाने को पुलिस ने बंद कराया था। जोन स्तर से यह कार्रवाई हुई थी। इसके साथ ही आठ अवैध कटान माफिया के विरूद्ध गैंगेस्टर की कार्रवाई की गई। जिसमें पांच को गिरफ्तार भी कर लिया गया और तीन फरार कटान माफियाओं पर 25-25 हजार का ईनाम भी घोषित किया गया। जोन स्तर से मुख्तार गैंग पर इस कार्रवाई के बाद से जिले में भी इस गैंग से जुड़े लोगों की तलाश गुपचुप तरीके से शुरू हो गई है। चर्चा तो इस बात की है कि जिले में भी आठ से दस लोग चिन्हित किए गए है। जिसमें कुछ लोगों ने गाजीपुर जिले से असलहा का लाइसेंस भी मुख्तार की मदद से बनवाया हुआ है और उसका इस्तेमाल भी इस गिरोह के लिए करते है। ऐसे लोगों के चिन्हिकरण की कवायद लगभग अंतिम दौर में है और संभवत: इन लोगों के असलहा लाइसेंस को निरस्त कराने की कार्रवाई भी शुरू कर दी गई है लेकिन ये लोग है कौन इसका खुलासा पुलिस महकमा नहीं कर रहा है।
0000000000000000000
कुछ गिरोह से जुड़े लोगों की छानबीन चल रही है, असलहों से जुड़ा हुआ भी मामला है लेकिन अभी कुछ भी बता पाना संभव नहीं है। क्योकि सारी कवायद जांच से जुड़ी हुई है। जिसके पूरा होने के बाद ही कुछ कहा जा सकता है।
त्रिवेणी सिंह, एसपी, आजमगढ़।