आजमगढ़। एमएसएमई विकास संस्थान वाराणसी एवं राज्य सरकार के उद्योग विभाग और अन्य विभागों के सहयोग से कलेक्ट्रेट परिसर में आयोजित दो दिवसीय उद्यम प्रदर्शनी का शनिवार को समापन हो गया। इसमें डीएम नागेंद्र प्रसाद सिंह ने मुबारकपुर में बायर मीट का आयोजन करने की बात कही।
डीएम ने बताया कि सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम विभाग के प्रमुख सचिव नवनीत सहगल से मुबारकपुर की बनारसी साड़ी को एक जनपद एक उत्पाद में शामिल करने की स्वीकृति प्राप्त हो गई है। मुबारकपुर की बनारसी साड़ी को एक जनपद एक उत्पाद में शामिल कर लिया गया है। मुबारकपुर में स्थापित विपणन केंद्र में मुबारकपुर के उद्यमियों के लिए दुकानों के लिए पहले सिक्योरिटी 30 हजार और 1500 रुपये प्रतिमाह किराया लगता था।
मुबारकपुर की साड़ी की मांग को देखते हुए तथा विकास की संभावना को देखते हुए शासन से सिक्योरिटी धनराशि तथा प्रतिमाह किराया को कम करने की अनुरोध किया गया था। जिलाधिकारी ने बताया कि सिक्योरिटी धनराशि को 30 हजार से कम करके 10 हजार कर दी गई है। प्रतिमाह किराया 1500 से कम कर के 500 रुपये प्रतिमाह कर दिया गया है। डीएम ने बताया कि इस प्रर्दशनी से जनपद के उद्योगों को नई दिशा मिली है। साड़ियों के लिए एक स्वतंत्र पहचान बनानी होगी। जल्द ही मुबारकपुर में बायर मीट कराई जाएगी।
निजामाबाद की ब्लैक पाटरी की अपना एक अलग पहचान है। ब्लैक पाटरी का एक अंतर्राष्ट्रीय बाजार है। मुबारकपुर के हस्त शिल्पियों और प्रजापतियों से कहा कि अपने हुनर को अधिक से अधिक लोगों में फैलाएं। उत्पादों में विविधता तथा डिजाईन आदि भी लाना होगा। तभी हमें बाजार मिलेगा। उन्होंने संयुक्त आयुक्त उद्योग से कहा कि कंवर्जेंस माडल से सभी विभागों की कमेटी बनाएं और उद्यमियों के साथ बैठक करें।
इस मौके पर बिहारी राम प्रजापति निजामाबाद, इमामुल हक मुबारकपुर, मुश्ताक अहमद मुबारकपुर, घुरहुराम प्रजापति निजामाबाद, उद्यमियों में संतोष कुमार त्रिपाठी निजामाबाद, मिथिलेश बरनवाल, पुनीत चौहान प्रहलाद नगर आदि को शील्ड, शाल तथा सम्मान पत्र देकर सम्मानित किया गया। संचालन सहायक आयुक्त उद्योग प्रवीण कुमार मौर्य ने किया।