थाना क्षेत्र के सिधारी गांव स्थित पोखरी में शनिवार की सुबह मायके में रहने वाली विवाहिता की लाश संदिग्धावस्था में पोखरी में उतराई मिलने से सनसनी फैल गई। घटना की सूचना मिलने पर मौके पर पहुंची पुलिस शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजी। इस घटना से मृतका के घर में कोहराम मचा था।
मेंहनगर थाना क्षेत्र के सिधारी गांव निवासिनी प्रियंका (30) पुत्री सत्यदेव राजभर का विवाह पांच साल पूर्व मऊ जिले के चिरैयाकोट कोतवाली क्षेत्र के चंद्ररोगी गांव निवासी शशिकांत राजभर से हुई थी। शादी के कुछ समय बाद सड़क हादसे में शशिकांत एक सड़क हादसे में घायल होकर दिव्यांग हो गया। इसके बाद से प्रियंका अपने बच्चे के साथ मायके आकर रहने लगी। शनिवार की सुबह गांव के लोग जब शौच के लिए पोखरी की तरफ गए तो वहां प्रियंका का शव उतराया दिखा। इससे गांव में सनसनी फैल गई। घटना की सूचना मिलने पर एसपी सिटी, सीओ लालगंज के अलावा थानाध्यक्ष मेंहनगर मौके पर पहुंचे। पुलिस ने स्थानीय लोगों की मदद से शव को पोखरी से बाहर निकलवाई। इस दौरान महिला के गले पर चोट का निशान दिखा। इस पर परिजनों ने हत्या की आशंका जतायी है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। एसपी आजमगढ़ अनुराग आर्य ने बताया कि फिलहाल कोई तहरीर नहीं मिली है। जांच से पता चला है कि विवाहिता का गांव में एक व्यक्ति से संबंध था। उसके पर्स से कीटनाशक की पुड़िया व एक फोटो भी बरामद हुई है। मौत का कारण स्पष्ट नहीं है, डॉक्टरो के पैनल से पीएम कराया जा रहा है। पीएम रिपोर्ट आने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।