अपर सत्र न्यायाधीश शकीलुर्रहमान की अदालत ने वर्ष 2010 में रौनापार थाना क्षेत्र के जोकहरा गांव में हुए माकन हत्याकांड में दोषी पाए गए चार अभियुक्तों को उम्रकैद की सजा सुनाई। साथ ही चालीस-हजार रुपये अर्थदंड भी लगाया।
जोकहरा गांव में 17 अप्रैल 2010 को हुए इस कांड में माकन पुत्र अच्छे लाल धोबी की ताबड़तोड़ गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। मृतक माकन के पिता ने रौनापार थाना में गांव के चार लोगों को विरुद्ध हत्या का मुकदमा दर्ज कराया था। मुकदमे में कहा था कि घटना की शाम लगभग सवा सात बजे गांव के चंदन पुत्र धूमन बढ़ई, प्रमोद पुत्र रंगलाल गोंड, मनोज श्रीवास्तव उर्फ चुन्ना लाल पुत्र राम प्यारे और विजेंद्र राय उर्फ मिंटू राय पुत्र सुभाष राय दरवाजे पर आए और भलाबुरा कहते हुए अपमानित करने लगे। मना करने पर गाली देने लगे। बीच-बचाव करने मृतक का भाई लूटन, मृतक की पत्नी आंती और पुत्री छाया, गांव का बजरंगी बीचबचाव करने लगा तो मनोज, चंदन और प्रमोद के ललकारने पर विजेंद्र राय ने अपनी लाइसेंसी बंदूक से गोली चला दी। गोली लगने से माकन की मौत हो गई। मृतक की पुत्री छाया घायल हो गई।
इस मामले में रौनापार थाना पुलिस आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया। इस दौरान मृतक का भाई लूटन, आधी, सुधाकर, डा. एपी श्रीवास्तव, क्षेत्राधिकारी योगेंद्र लाल, हेड कांसटेबुल संतलाल को बतौर साक्षी पेश किया गया। अदालत ने नामजद चारो आरोपियों को हत्या का दोषी पाते हुए उक्त सजा का निर्धारण किया।