श्री गुरुतेग बहादुर जी का 340वां शहीदी दिवस बुधवार को मनाया गया। इस अवसर पर गुरु के दरबार में मत्था टेक सिख समुदाय के लोगों ने परिवार की सुख-समृद्धि की कामना की।
वहीं लंगर में सभी वर्गो के लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया। इस दौरान जो बोले सो निहाल से गुरुद्वारा गूंज उठा।
निजामाबाद संवाददाता के अनुसार सिक्खों के नौंवे गुरु
श्रीगुरुतेग बहादुर जी के शहीदी दिवस पर गुरुद्वारा चरण पादुका साहिब में सुबह से ही चल रहे गुरुवाणी, शब्द कीर्तन और अरदास में सिक्खों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। गुरु के दरबार में सभी ने मत्था टेका और खुशहाली की मन्नत मांगी।
गुरुद्वारा चरण पादुका साहिब के मुख्यग्रंथी बाबा सतनाम सिंह ने कहा कि आज ही के दिन श्रीगुरु तेग बहादुर जी हिंदू धर्म की रक्षा के लिए पुरानी दिल्ली के चांदनी चौक पर बलिदान दिया था।
जो आज गुरुद्वारा शीशगंज साहिब के नाम से प्रसिद्ध है। प्रसाद का वितरण किया गया। मेजवां ः फूलपुर नगर स्थित गुरूद्वारा में भजन-कीर्तन का का आयोजन किया।
सबद-कीर्तन पाठ के बाद लोगों में कड़ा प्रसाद का वितरण किया गया। इस मौके पर पिंटू सिह सरदार, सुरेंद्र सिंह, मनोज, मन्नी सिंह मौजूद थे।