आयुष्मान आजमगढ़। आयुष्मान भारत योजना में नये नाम शामिल कराने के नाम पर वसूली चल रही है। गांव-गांव में टीम घूम रही है और फार्म भरवा कर पात्रता सूची में नाम शामिल कराने के लिए तीन से साढ़े तीन सौ रुपये तक की वसूली कर रही है। पैसा लेने के बाद वसूली करने वाले गायब हो जा रहे है और पैसा देने वाले परेशान हाल जनसेवा केंद्र से लेकर सीएमओ कार्यालय तक का चक्कर लगा रहे है।
प्रधानमंत्री आयुष्मान भारत योजना के तहत इलाज के लिए प्रत्येक पात्र परिवार को पांच लाख रुपये तक की चिकित्सा नि:शुल्क मिलनी है। योजना के शुरूआत में पात्रों का चयन 2011 की आर्थिक जनगणना के आधार पर किया गया। उक्त जनगणना में जिसकी भी आर्थिक स्थिति कमजोर थी उन्हें इस योजना के तहत पात्र मानते हुए शामिल कर लिया गया। पात्रता सूची जारी होने पर बहुत से ऐसे लोग सामने आये जो पात्र होते हुए भी पात्रता सूची में नहीं थे। ऐसे लोगों का नाम नये सिरे से पात्रता सूची में शामिल करने की कवायद भी शुरू हुई। इसी में कुछ अज्ञात लोगों की टीम फार्म लेकर गांव-गांव घूमना शुरू कर दिया है और पात्रता सूची में नाम शामिल कराने के लिए अवैध वसूली कर रहे हैं। लोगों ने फार्म भरने के साथ ही पैसा दिया, लेकिन अब तक किसी का भी नाम सूची में शामिल नहीं हुआ। ऐसे में लोग जनसेवा केंद्र से लेकर सीएमओ कार्यालय तक का चक्कर लगा रहे हैं। सीएमओ कार्यालय पहुंचने पर उन्हें पता चल रहा है कि योजना में नये नाम जोड़ने की कवायद फिलहाल बंद है।
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चुनाव पूर्व 27060 नये नाम हुए है शामिल
आयुष्मान योजना की शुरूआत में 2011 की जनगणना में आर्थिक रुप से कमजोर घोषित 1,15,081 लोगों को इस योजना में शामिल किया गया था। इसके बाद केंद्र सरकार ने इस योजना में अन्य पात्रों को भी शामिल किये जाने का निर्देश दिया। इसके तहत 27060 पात्रों का नाम मुख्यमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत शामिल किया गया। लोकसभा चुनाव की अधिसूचना जारी होने के चलते नये नाम शामिल करने की प्रक्रिया रूक गई। इसके पूर्व तक आये आवेदनों के अनुरूप 27060 लोगों के नाम शामिल कर लिये गये हैं। वर्तमान में इस योजना के तहत कुल 1,42,141 लोग चिह्नित हैं। इन लोगों का गोल्डन कार्ड भी बन चुका है और वितरित किया जा रहा है।
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वर्तमान में आयुष्मान योजना के तहत नाम नहीं शामिल किये जा रहे हैं। लोकसभा चुनाव की अधिसूचना जारी होने के बाद से ही नये नाम शामिल किये जाने की प्रक्रिया रुकी हुई है। कुछ फर्जी लोगों द्वारा फार्म भरा जा रहा है और अवैध वसूली की जा रही है। इसकी सूचना मिली है, ऐसे लोगों को चिह्नित किया जा रहा है। उनके खिलाफ कठोर कार्रवाई की जायेगी। - डॉ. स्मृति मिश्रा, डिस्ट्रिक्ट मैनेजर, आयुष्मान भारत योजना।