मार्च की शुरुआत बारिश से हुई। बारिश के साथ हवा चलने से किसानों की चिंता बढ़ गई है। हवा के झोंकों को गेहूं और सरसों की फसल झेल नहीं पाई। गेहूं की बालियों में दाना भी मजबूती पकड़ने लगा था, लेकिन बारिश के दौरान हवा ने फसलों को गिरा दिया। खेतों में पानी भर जाने से खुदे आलू के पौधों को भी नुकसान हो सकता है। किसानों का कहना है कि तेज हवा चलने से गेहूं की फसल खेतों में गिर गई है। अब अगर आगे भी बारिश होती है तो फसल बर्बाद हो जाएगी।
बोले अधिकारी
बारिश से रबी के किसी फसल को नुकसान नहीं हुआ है। गेहूं में पानी की जरूरत थी वह बारिश से मिल गई। जिन किसानों की गेहूं की फसल गिर गई है उससे ज्यादा नुकसान नहीं होगा। अब मौसम साफ हो जाएगा। वैसे भी कृषि विभाग के कर्मचारियों को सर्वे का निर्देश दिया गया है। रही बात सब्जी की फसल की तो अभी गर्मी वाली सब्जियों की बोआई चल रही है। - डॉ. गगनदीप सिंह, जिला कृषि अधिकारी।
बूंदाबांदी के बाद पड़े ओले
बिंद्रा बाजार क्षेत्र में शनिवार सुबह बूंदाबादी हुई। इसमें ओले भी पड़े। हालांकि फसलों के कोई नुकसान की सूचना नहीं है। लेकिन किसानों का मानना है यदि ओले पड़ते रहे तो खेती का बड़ा नुकसान हो सकता है। बता दें कि क्षेत्र के बिंद्रा बाजार, शिवराजपुर, रानीपुर रजमो, रामपुर, गंभीरपुर, दयालपुर, मोहम्मदपुर, बेलवा, रसूलपुर, मंगरावा रायपुर, जमालपुर, मदारपुर, टेकमलपुर, सुरजनपुर, विषहम मिर्जापुर आदि सैकड़ों गांव में बूंदाबादी हुई।