आजमगढ़। जनपद की विभिन्न ग्राम पंचायतों में हुए विकास कार्यों में धांधली करने पर ग्राम प्रधानों और सचिवों को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया था। लेकिन उनके द्वारा इस नोटिस का जवाब नहीं दिया गया।
जिसके कारण अब इनके ऊपर एफआईआर दर्ज कराने की कार्रवाई शुरू हो चुकी है। इसी क्रम में गुरुवार को दो ब्लॉकों के पांच प्रधानों और पांच सचिवों पर एफआईआर दर्ज कराने का निर्देश जिला पंचायत राज अधिकारी द्वारा सहायक विकास अधिकारियों को दिया गया।
सगड़ी तहसील के महराजगंज विकास खंड की ग्राम पंचायत मोतीपुर में विकास कार्यों में धांधली के शिकायत की जांच प्राविधिक परीक्षक टीएसी आजमगढ़ मंडल द्वारा 17 जून 2017 को की गई थी।
उनकी रिपोर्ट पर मंडलायुक्त के निर्देश पर प्रधान मोतीपुर को छह अक्टूबर को कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए स्पष्टीकरण मांगा गया था। लेकिन 20 दिसंबर तक उनके द्वारा नोटिस का जवाब नहीं दिया गया।
इस गुरुवार को जिला पंचायत राज अधिकारी ने सहायक विकास अधिकारी महराज गंज को ग्राम प्रधान उर्मिला यादव और सचिव राम अवध शर्मा के खिलाफ एफआईदर्ज कराने का निर्देश दिया।
इसी तरह महराजगंज ब्लाक के ही नौबरार त्रिपुरारपुर खालसा गांव में विकास कार्यों में धांधली पर प्राविधिक परीक्षक टीएसी आजमगढ़ मंडल के जांच पर जिला पंचायत राज कार्यालय की ओर से प्रधान को नोटिस जारी किया गया।
लेकिन 20 दिसंबर तक उन्होंने जवाब नहीं दिया गया। इस पर गुरुवार को जिलाधिकारी के निर्देश पर जिला पंचायत राज अधिकारी ने ग्राम प्रधान अयोध्या यादव और सचिव दुर्ग विजय यादव के खिलाफ सहायक विकास अधिकारी को एफआईआर दर्ज कराने का निर्देश दिया है।
इसके साथ ही सठियांव विकास खंड के महुआ मुरारपुर गांव में जिला पंचायतराज कार्यालय की ओर से ग्राम प्रधान को कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए स्पष्टीकरण मांगा गया। लेकिन अब तक उन्होंने नोटिस का जवाब नहीं दिया गया।
इस पर जिलाधिकारी के निर्देश पर जिला पंचायत राज अधिकारी ने गुरुवार को ग्राम प्रधान पूजा सिंह और सचिव विनय कुमार सिंह के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने का निर्देश सहायक विकास अधिकारी सठियांव को दिया।
प्राविधिक परीक्षक टीएसी की एक शिकायत पर तीन अक्टूबर को सठियांव विकास खंड के गूजरपार ग्राम पंचायत के निरीक्षण के दौरान छह अक्टूबर को अपनी जांच आख्या मंडलायुक्त को उपलब्ध कराई।
मंडलायुक्त के निर्देश पर जिला पंचायत राज कार्यालय की ओर से ग्राम प्रधान को कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए स्पष्टीकरण की मांग की गई। लेकिन उनके द्वारा नोटिस का जवाब नहीं दिया गया।
इस पर जिलाधिकारी के निर्देश पर जिला पंचायत राज अधिकारी ने ग्राम प्रधान रामनाथ और तत्कालीन सचिव बृजराज यादव के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने का निर्देश दिया। प्राविधिक परीक्षक द्वारा तीन अक्टूबर को ही सठियांव विकास खंड के उदयभानपुर गांव का निरीक्षण किया गया।
छह अक्टूबर को उन्होंने अपनी जांच आख्या मंडलायुक्त को उपलब्ध कराई। मंडलायुक्त के निर्देेश पर जिला पंचायत राज कार्यालय की ओर से ग्राम प्रधान महफूजुर्रहमान और सचिव कैलाश सोनकर के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने का निर्देश सहायक विकास अधिकारी सठियांव को दिया गया।
गांव के विकास में धांधली की शिकायत पर मंडलायुक्त के निर्देश पर इन गांवों की जांच की गई थी। जांच के दौरान आरोप सत्य मिलने पर ग्राम प्रधानों और सचिवों को कारण बताओ नोटिस जारी करने के साथ ही स्पष्टीकरण की मांग की गई थी। लेकिन इनके द्वारा नोटिस का कोई जवाब नहीं दिया। जिसके कारण जिलाधिकारी के निर्देेश पर एफआईआर दर्ज कराकर सूचित करने का निर्देश दिया गया है। -जितेंद्र नाथ मिश्र, जिला पंचायत राज अधिकारी।