जिसमें भूमि विकास गृह स्थापन योजना के तहत ग्रामीणों की जमीन को अधिग्रहित किए जाने का किसानों ने विरोध किया।
किसान बृजनाथ सिंह ने कहा कि यहां के लोग छोटे कास्तकार हंै और खेती पर ही निर्भर हैं। उनकी भूमि का अधिग्रहण हुआ तो वे भूखमरी की कगार पर आ जाएंगे।
ओमप्रकाश और शिवचंद ने कहा कि अधिग्रहण से सबसे पहले नुकसान अनुसूचित जाति के लोगेां का होगा ओर वे भूमिविहीन हो जाएंगे। प्रधान सुरेश यादव ने कहा कि क्षेत्र की भूमि बहुफसली है।
यदि इनकी जमीनों को अधिग्रहित किया गया तो किसानों सहित उनके परिवार सड़क पर उतर आंदोलन को बाध्य होंगे। इस मौके पर तिलकधारी यादव, छेदी यादव, राना अजय सिंह, अमित यादव,
पतरु प्रजापति, प्रिंस सिंह, जगदीश मौर्य, धर्मेंद्र सिंह, विजयी यादव, बृजभान यादव आदि उपस्थित थे।