आजमगढ़। स्वेटर वितरण के लिए जेम पोर्टल से होने वाली खरीद में बीएसए और जिला समन्वयक द्वारा कुछ लोगों को लाभ पहुंचाने की शिकायत कुछ फर्मों ने डीएम और शासन से की थी। जांच में गड़बड़ी मिलने पर सीडीओ व प्रभारी डीएम ने बीएसए और जिला समन्वयक बेसिक शिक्षा से स्पष्टीकरण तलब किया है। साथ ही दोबारा टेंडर आमंत्रित किए जाने का निर्देश दिया है।
परिषदीय विद्यालयों में बच्चों को हर साल स्वेटर वितरित किया जाता है। इसके लिए जनपद में टेंडर कराए गए थे। सीडीओ और प्रभारी डीएम आनंद कुुमार शुक्ला ने बताया कि कुछ फर्मों ने टेंडर में गड़बड़ी की शिकायत की थी। उनका आरोप था कि कुछ विशेष लोगों को लाभ पहुंचाने के लिए स्थानीय स्तर पर योग्य फर्मों केे अनुचित तरीके से तकनीकी बिड से बाहर कर दिया गया। इसके निमित्त जिला क्रय समिति के संज्ञान में लाए बिना मनमानेपूर्ण ढ़ंग से पिछले वर्ष 30 लाख रुपये टर्नओवर की शर्त के स्थान टर्नओवर को तीन करोड़ कर दिया गया। इस पर तीन नंबवर को क्रय की बैठक बुलाई गई। शिकायतों का बिंदुवार परीक्षण किया गया। पाया गया कि बीते साल से इतर जाकर बीएसए अम्बरीश कुमार और जिला समन्वयक बेसिक शिक्षा आरसी चौहान ने अनुचित शर्तों को समाहित कर जेम पोर्टल पर टेंडर की प्रक्रिया अपनाई जो जिला क्रय समिति के संज्ञान में नहीं है। इस पर जेम पोर्टल बिड को निरस्त कर बीते साल की शर्तों के अनुसार पुन: जेम पोर्टल पर टेंडर आमंत्रित किए जाने का निर्देश बीएसए को दिया गया है। साथ ही बीएसए और जिला समन्वयक बेसिक शिक्षा से स्पष्टीकरण तलब किया गया है। उत्तरदायित्व का निर्धारण करते हुए दोषियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।