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जलस्तर घटते ही तटवर्ती गांवों में तेज हुई कटान

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सगड़ी तहसील के देवरांचल से होकर गुजरने वाली घाघरा नदी के जलस्तर में विगत दो दिनों से घटाव दर्ज किया जा रहा है। जलस्तर घटते ही नदी की तटवर्ती इलाकों में कटान तेज हो गई है। जिसके कारण बगहवा गांव के 15 परिवार विस्थापित हो रहे हैं।
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शनिवार की शाम डिघिया गेज पर घाघरा नदी का जलस्तर 70.03 मीटर दर्ज किया गया था। जो रविवार की शाम घटकर 69.94 मीटर हो गया। वहीं शनिवार की शाम बदरहुंआ गेज पर घाघरा का जलस्तर 70.70 मीटर दर्ज किया गया था जो 70.58 मीटर हो गया। घाघरा नदी में घटाव होने के बाद कटान तेज हो गई है। घाघरा की कटान से लगातार किसानों का कृषि योग्य भूमि घाघरा नदी में समाहित होती जा रही है। देवारा खास राजा के अचल नगर और बगहवा, गांगेपुर और परसिया में कटान हो रही है। इससे सैकड़ों किसानों का खेती योग्य भूमि नदी में समाहित होती जा रही है। विगत वर्ष बाढ़ के चलते काफी तेज बेग के कारण बेलहिया ढ़ाले पर बना पुल बह गया। जिससे आज भी आवागमन बाधित है। लोगों को काफी दूर घूम कर आना जाना होता है। वहीं विगत वर्ष घाघरा की कटान से देवारा खास राजा की तीन बस्तियां नदी में विलीन हो गई थी। आज फिर देवारा खास राजा के बगहवा गांव के 15 परिवार ऐसे हैं जो विस्थापित हो रहे हैं। घाघरा की कटान के डर से सुरक्षित स्थान की तलाश में हैं। बगहवा गांव के गिरजा शंकर यादव, राजनारायण, राजाराम यादव, राम लखन, दसवानी, सूर्यभान यादव, उदयभान, रमाकांत, राघव प्रसाद, रामधन, रण विजय आदि अपने घर को छोड़कर दूसरे सुरक्षित स्थान पर जा रहे हैं। गांगेपुर रिंग बंधे के सामने भी घाघरा नदी कटान कर रही है। यह रिंग बांध बाढ़ खंड के द्वारा बनाया गया है इसके अंदर सैकड़ों घर की आबादी है। इस बंधे को बचाने के लिए बाढ़ खंड ठोकर का निर्माण करा रहा था जो अब बंद है ठोकर निर्माण अधर में लटका हुआ है।
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