अतरौलिया। क्षेत्र के गनपतपुर, अचलीपुर, कटवा, मनियारपुर आदि गांव के किसानों ने गोरखपुर लिंक एक्सप्रेस-वे में यूपीडा की ओर से बगैर बैनामा कराए ही जमीन पर अधिग्रहण करने के विरोध में प्रदर्शन किया। इन गांव के किसानों ने थानाध्यक्ष अतरौलिया के नाम से प्रार्थना पत्र देकर यूपीडा अधिकारियों पर मुकदमा दर्ज कराने की भी मांग की।
विरोध प्रदर्शन के दौरान किसानों का कहना है कि वर्ष-2013 के शासनादेश के तहत यह नियम है कि बगैर किसानों की सहमति से उसकी जमीन नहीं ली जा सकती है, जबकि यहां पर कंस्ट्रक्शन कंपनी और यूपीडा की ओर से बिना जमीन की रजिस्ट्री कराए ही किसानों की जमीन पर सड़क निर्माण का कार्य कराया जा रहा है। यह कार्य स्थानीय प्रशासन के सहयोग से हो रहा है। किसान हितैषी होने का दावा करने वाली सरकार किसानों का शोषण कर रही है। पूर्व की सपा सरकार में भी ली गई जमीन के उसी गाटे का मुआवजा और इस मुआवजे में काफी अंतर है। किसानों ने कहा कि किसी भी कीमत पर इतने कम मुआवजे पर जमीन नहीं दी जाएगी। इस संदर्भ में उप जिलाधिकारी बुढ़नपुर दिनेश कुमार मिश्रा का कहना है कि किसी भी किसान की जमीन बगैर उसकी सहमति से नहीं ली जाएगी। किसानों के खेतों में एक्सप्रेस-वे के सीमांकन का जो पोल लगाया जा रहा है वह सड़क का लाइमेंट मिलाने के लिए किया जा रहा है। इसका जमीन अधिग्रहण से कुछ भी लेना देना नहीं है। इस मौके पर सूबेदार मिश्रा, मुन्ना मिश्रा, कलावती, उषा, विश्वनाथ मिश्रा, शेषनाथ मिश्रा, गंगाराम यादव, चंद शेखर पांडेय, सत्यनारायण, देवनारायण, विजय बहादुर, राज नारायण, बेचन शर्मा, धर्मराज, दिलीप सिंह मौजूद है।