आजमगढ़ के देवगांव कोतवाली क्षेत्र के खनियरा अनुसूचित बस्ती में लुधियाना से कुछ दिनों पहले आए प्रवासी की संदिग्ध हालात में मौत हो गई। उसका शव घर के ही धरन से फंदे के सहारे लटका हुआ था। हालांकि परिजनों ने शव को नीचे उतारकर तख्त पर लिटा दिया था। मृतक के मां, भाई और बहन मामले में हत्या का आरोप लगा रहे हैं। पुलिस ने पंचनामा भर कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
सीओ अजय यादव का कहना है कि पोस्टमाटरर्म रिपोर्ट आने के बाद मामले में कार्रवाई की जाएगी। खनिहरा निवासी अखिलेश राम (32) पुत्र बाबूलाल लुधियाना में रह कर काम करता था। 17 दिन पहले वो घर आया था। चेकअप कराने के बाद घर पर ही रह रहा था। उसकी पत्नी इंद्रा देवी प्राथमिक स्कूल में रसोइया है। पत्नी के अनुसार रविवार रात को पत्नी-पत्नी और उनकी सात साल की एक बेटी सृष्टी घर में सोए हुए थे।
इंद्रा देवी ने बताया कि रात 12 बजे के बाद उसकी नींद खुली तो देखा कि पति घर के ही धरन से फंदे के सहारे लटक रहे हैं। उसने मामले की जानकारी अपनी जेठीनी सावित्री को दी। दोनों ने शव को नीचे उतार कर तख्त पर लिटा दिया। इसके बाद सास मंसीरा को भी इसकी जानकारी दी। रोना-धोना शुरू हो गया। घर पर आसपास के लोगों की भीड़ जमा हो गई।
इसकी जानकारी पुलिस को दी गई तो सीओ लालगंज अजय यादव और देवगांव कोतवाली पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। घटना के संबंध में पत्नी जहां अलग कहानी बयां कर रही थी। वहीं मृतक के भाई मुकेश, मां मंसीरा और बहन लिलिता और अनीता हत्या का आरोप लगा रही थीं। उनका कहना था कि हत्या करके इसे आत्महत्या का रूप दिया जा रहा है।
फिलहाल परिजनों ने पत्नी से तहरीर लेकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। सीओ अजय यादव का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट पता चल जाएगा कि ये हत्या है ये आत्महत्या। इसके बाद मामले में कार्रवाई की जाएगी। मृतक के तीन बच्चे हैं। एक बच्ची सृष्टी (07) घर पर थी। दो बच्चे साक्षी (10) और उत्कर्ष (5) ननिहाल में थे।