मेजवां। फूलपुर क्षेत्र के पौराणिक स्थल दुर्वासा धाम में मंगलवार की शाम सूर्यग्रहण के मोक्षकाल में तमसा-मंजूषा संगम पर नदी में डुबकी लगाने के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी। लोगों ने पवित्र नदी में स्नान के बाद भगवान सूर्य के मोक्ष की कामना कर दानपुण्य भी किया। मंगलवार को सैकड़ों श्रद्धालु ग्रहण का सूतक काल शुरू होने के साथ ही घाट पर पहुंचने लगे। जैसे-जैसे दिन चढ़ता गया ग्रामीण इलाकों में भी सरोवरों और नदियों पर श्रद्धालुओं की भीड़ बढ़ती गई। ग्रहण काल से लेकर मोक्षकाल तक वृद्ध और युवा श्रद्धालु बिना खाए पीए तट के पास मंदिरों में भजन कीर्तन में लीन रहे। इस दौरान सैकड़ों श्रद्धालु पूरे ग्रहण काल तक नदी में खड़े होकर मंत्रों का जाप कर भगवान सूर्य से मोक्ष दिलाने की कामना करते रहे। लोगों का मानना था कि ग्रहण के दौरान भजन कीर्तन से भगवान को शक्ति मिलती है। साथ ही ग्रहण के दुष्प्रभाव से भी बचाव होता है।