बिलरियागंज कस्बे के अय्युब नगर मुहल्ले में शुक्रवार रात बेटी की प्रेेमी को सबक सिखाने के लिए मो. ईशा ने जघन्यता की हदें पार कर दी। घटना से न केवल मुहल्ले के लोग सहमे हैैं, बल्कि जिस किसी को भी घटनाक्रम की जानकारी हुई, सिहर गया। पुलिस भी हादसे को देख हिल गई।
पुलिस मामले की तह तक जाने के लिए हर संभव प्रयास में जुटी है। एसपी दयानंद मिश्रा, एसपी ग्रामीण शैलेंद्र सिंह सहित अन्य अधिकारियों ने घटनास्थल का मुआयना कर लोगों से घटनाक्रम की जानकारी ली। पुलिस ने किशोरी के घर में ताला भी जड़ दिया है।
नसीरपुर गांव निवासी मो. मुदस्सिर और अय्युब नगर मुहल्ला निवासी मो. ईशा की बड़ी बेटी के बीच काफी दिनों से प्रेम प्रपंच था। इसकी भनक दोनों के घर वालों को भी थी। घटनाक्रम पर गौर करें तो शुक्रवार रात मुदस्सिर दावत में जाने की बात कहकर घर से निकला और प्रेमिका के यहां पहुंच गया। इधर ईशा मुदस्सिर को बेटी के साथ देख लिया। उसके अंदर लंबे समय से धधक रही आग ज्वाला का रूप अख्तियार कर ली।
परिणाम स्वरूप ईशा मुदस्सिर को जबरदस्ती घर ले आया और मौत के घाट उतार दिया। इसके बाद लाश की पहचान छिपाने के लिए ईशा ने जो किया, सब सिहर गए। एसपी दयानंद ने बताया कि बहुत घटनाओं को देखा है, लेकिन इस तरह की घटना उनके जीवन में पहली बार आई है।
पुलिस की पूछताछ में जब मामला उजागर हुआ तो लोग सन्न रह गए। एसओ बिलरियागंज रूपेश सिंह ने बताया कि मामले में कुछ और लोगों के शामिल होने का अनुमान है। पुलिस कई बातों पर गौर करते हुए मामले की जांच कर रही है।