रुपये लेकर टूरिस्ट वीजा पर लोगों को दुबई ले जाकर उनसे नौकरी कराने और रुपये हड़पने वाले गिरोह का भंडाफोड़ अपराध शाखा वाराणसी की यूनिट की जांच में हुआ है। फर्जीवाड़ा उजागर होने पर इसकी शिकायत एसपी आजमगढ़ से की गई। एसपी के आदेश पर निजामाबाद थाने में रविवार को केस दर्ज किया गया। मामले की जांच क्राइम ब्रांच को सौंपी गई है।
एसपी कुंतल किशोर ने बताया कि निजामाबाद थाना क्षेत्र के मोहज्जबपुर गांव निवासी संतोष कुमार ने 13 अक्तूबर को आर्थिक अपराध शाखा वाराणसी यूनिट में शिकायत की थी। उसमें आरोप लगाया था कि बरदह थाना क्षेत्र के तुंगीरशूलपुर गांव निवासी अखिलेश पुत्र फिरतू, शहर कोतवाली जौनपुर के फिरोजपुर शाहपुर गांव निवासी अब्दूलहई पुत्र अब्दूल रऊफ और चेन्नई के पी गोविंद पुत्र पेरुलम फर्जी कागजात के आधार पर लोगों को विदेश भेजने का रैकेट चलाते हैं।
संतोष का आरोप है कि तीनों ने उसके अलावा गांव के संतरा लाल सहित 15 लोगों से विदेश भेजने के लिए 80-80 हजार रुपये लिया। रुपये नौकरी वाले वीजा पर भेजने के लिए गए थे लेकिन इन्हें टूरिस्ट वीजा पर करीब छह माह पूर्व दुबई भेज दिया। वहां, इनसे मजदूरी करवाया गया लेकिन मजदूरी की रकम आरोपियों ने हड़प लिया। किसी तरह से पीड़ित अपने घर पहुंचे और दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई के लिए संतोष कुमार ने अपराध शाखा में शिकायत की।
मामले की जांच निरीक्षक अपराध शाखा वाराणसी विजय मिश्रा को सौंपी गई है। जांच में फर्जीवाड़ा उजागर हुआ। जांच रिपोर्ट एसपी आजमगढ़ को सौंपी गई। उनके निर्देश पर रविवार को एसओ निजामाबाद राजेश सिंह ने तीनों के विरुद्ध केस दर्ज कर लिया। जांच क्राइम ब्रांच को सौंपी गई है।