तरवां थाना क्षेत्र के जमुआ मोड़ के पास सोमवार की भोर में पुलिस मुठभेड़ में पांच हजार का इनामी बदमाश सतीश यादव (28) पैर में गोली लगने के बाद गिरफ्तार कर लिया गया। उसका साथी भाग गया। बदमाशों ने पहले एसओ तरवां को लक्ष्य कर गोली चलाई। वह बाल-बाल बच गए लेकिन जीप के शीशे में सुराख बन गई। जवाबी फायरिंग में घायल सतीश को गिरफ्तार कर लिया गया। उसका वाराणसी में इलाज चल रहा है।
वह गाजीपुर जिले के बहरियाबाद क्षेत्र के अकबरपुर अहियाई गांव निवासी है। इसके कब्जे से एक पिस्टल, कारतूस और बाइक बरामद की गई। पूर्वांचल के आजमगढ़, गाजीपुर और वाराणसी जिले में वह लूट की कई घटनाओं में वांछित है। उसकी निशानदेही पर पुलिस फरार बदमाश और गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश में जुटी है।
पुलिस अधीक्षक अजय कुमार साहनी ने बताया कि सोमवार की भोर करीब चार बजे पल्सर पर सवार दो बदमाश गाजीपुर जिले की तरफ से रासेपुर बाजार की तरफ आते दिखे। एसओ तरवां राजेश सिंह को बाइक की रफ्तार तेज देख कुछ शक हुआ। उन्होंने जमुआ मोड़ के पास बाइक सवारों को रोकना चाहा तो बाइक पर पीछे बैठे युवक ने एसओ को लक्ष्य कर फायरिंग कर दी।
एसओ ने अपना बचाव कर लिया लेकिन गोली जीप के शीशे को पार करते हुए निकल गई। पुलिस ने भी जवाबी फायरिंग की, जिसमें पैर में गोली लगने से बाइक पर पीछे बैठा बदमाश सतीश यादव घायल होकर गिर गया। इसके बाद, पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया जबकि उसका साथी भागने में सफल हो गया। सतीश के पास से पिस्टल, तीन भरा कारतूस, बाइक बरामद की गई। मौके से दो खोखा बरामद हुआ। सतीश यादव पुत्र रामनरायन पेशेवर लुटेरा बताया जा रहा है।
आजमगढ़ पुलिस ने पांच हजार रुपये का इनाम घोषित किया था। उसके विरुद्ध तरवां थाने के अलावा वाराणसी के सिगरा थाना और गाजीपुर जिले के सादात, सैदपुर, नंदगंज, मरदह थाने में लूट और हत्या के प्रयास की रिपोर्ट दर्ज है। घायल बदमाश को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। उसे वाराणसी के लिए रेफर कर दिया गया। वहां निजी अस्पताल में भर्ती है।