आजमगढ़। स्वच्छ भारत मिशन के तहत वैज्ञानिक विधि से शौचालय निर्माण के लिए दो गड्ढे बनाए जाते हैं। इसके बावजूद अहरौला और हरैया ब्लॉक के कुछ दुकानदारों द्वारा इन गड्ढों के स्थान पर प्रयोग के लिए सीमेंटेड नाद बेची जा रही थी। जिलाधिकारी ने शौचालय में उपयोग के लिए ऐसी नाद बेचने वालों के खिलाफ एफआईआर के निर्देश दिए हैं। स्वच्छ भारत मिशन के तहत बेसलाइन सर्वे में शामिल लोगों के शौचालय बनवाए जा रहे हैं। शौचालय निर्माण के लिए कई मानक भी तय किए गए हैं। निर्धारित मानकों पर ही शौचालयों का निर्मा किया जाना है। इस बीच अहरौला और हरैया ब्लाक में कुछ दुकानदारों द्वारा सीमेंट की ऐसी नाद बेची जा रही थी जिसका प्रयोग शौचालय के गड्ढों के रूप में किया जा रहा था। इसी पर शौचालय का स्ट्रक्चर खड़ा कर दिया जाता है। मानके के अनुसार दो गड्ढे बनाए जाने चाहिए ताकि यह जल्द न भरें। इन नादों का प्रयोग करने से शासन की मंशा को पलीता लग रहा था। कई स्थानों पर इससे बने शौचालय तुड़वाए भी गए हैं। जिलाधिकारी शिवाकांत द्विवेदी ने ऐसे नादों को शौचालय के लिए बेचने वालों पर एफआईआर के निर्देश दिए हैं।