आजमगढ़। निजामाबाद थाने में पांच जुलाई को बलात्कार और 17 जुलाई को गैंगरेप की रिपोर्ट झूठी लिखवाई गई। पारिवारिक विवाद और रंजिश के चलते कुछ लोगों को उकसाने पर महिलाओं ने यह कदम उठाया। शुक्रवार को दोनों वादी मुकदमा महिला एसपी के यहां प्रस्तुत होकर सुलहनामा की प्रति सौंपी और थाने में दर्ज हुए मुकदमे को समाप्त करने की मांग की है। निजामाबाद थाना क्षेत्र की रहने वाली एक महिला ने पांच जुलाई को रिपोर्ट दर्ज कराई। उसके गांव के करिया नट घर के दरवाजे के बाहर खड़ा रहा, जबकि उसका भाई बलात्कार किया। पुलिस अभी इस मामले की जांच शुरू भी नहीं कर पाई थी कि दूसरे पक्ष की महिला हाथों में तख्ती पर मुझे न्याय चाहिए, न्याय दो लिखकर एसपी दफ्तर पहुंची और गैंगरेप की घटना होने की शिकायत की। पीड़िता के मुताबिक दूसरे पक्ष के अब्दुल और पप्पू नट ने उससे गैंगरेप किया। मामला संज्ञान में लेते हुए एसपी ने तत्काल मुकदमा भी दर्ज करवा दिया। पुलिस केस दर्ज कर आरोपियों की तलाश में जुटी हुई है कि शुक्रवार को केस दर्ज कराने वाली दोनों महिलाएं एसपी के दफ्तर में पहुंची और सुलहनामा पेश करते हुए बताई कि हम दोनों संग ऐसी कोई घटना नहीं हुई थी। रंजिश के चलते एक दूसरे पक्ष के विरुद्ध थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है। केस को यहीं पर खत्म कर दिया जाए। एसपीसिटी/प्रभारी एसपी सुभाष चंद्र गंगवार ने बताया कि निजामाबाद थाने में पांच जुलाई को दर्ज बलात्कार और 17 जुलाई को गैंगरेप की घटना में पीड़ित महिलाओं का मेडिकल करवाने की बात की गई तो उन्होंने आपस में सुलह समझौता कर लिया और प्रति हमें सौंप रही हैं। इन दोनों ने दर्ज मुकदमे खत्म करने की मांग की है। ऐसे में विधिक राय लेते हुए आगे की कार्रवाई की जाएगी।