पवई। थाना क्षेत्र के इमली महुआ गांव निवासी खुशबू (22) पुत्री राधेश्याम प्रजापति की सोमवार की शाम अधजली लाश मिलने की गुत्थी दूसरे दिन मंगलवार की देर शाम तक नहीं सुलझ सकी थी। यह घटना पुलिस और गांव वालों के लिए अबूझ पहेली बनी हुई है। खुशबू की मौत के बाद परिवारवालों की तरफ से भी कोई रुची नहीं दिखा। पुलिस खुशबू के मौत की गुत्थी सुलझाने के लिए कई बिंदुओं को प्रमुुख मान अपनी जांच कर रही है। पीएम रिपोर्ट के जरिए मौत का कारण स्पष्ट हो जाने पर पुलिस को काफी मदद मिलेगी। पवई थाने के इमली महुआ गांव निवासी खुशबू बीए पूरा करने के बाद पढ़ाई छोड़ दी थी। उसके पिता दर्जी हैं। एक भाई और चार बहनों में तीसरे नंबर की खुशबू सोमवार को दिन में तीन बजे शौच के लिए निकली, इसके बाद घर वापस नहीं लौटी। शाम करीब पांच बजे चरवाहों ने उसकी लाश देखा। खुशबू का हल्का सा चेहरा, सीना, पेट और जंघा जला हुआ था। घर से करीब पांच सौ मीटर दूर गहरे नाले में खुशबू की लाश मिलने के करीब डेढ़ घंटे बाद पुलिस को घटना की सूचना दी गई। जिस स्थान पर उसकी लाश पड़ी थी। वहां से मिट्टी के तेल की महक आ रही थी। मंगलवार को पुलिस खुशबू की लाश पीएम को भेजवाने के बाद पुन: घटनास्थल का मुआयना की। पूछताछ के दौरान पता चला कि खुशबू की 19 फरवरी को शादी होने वाली थी, लेकिन जिस लड़के से उसकी शादी तय थी। वह लड़के की दूसरी शादी थी। गांव वालों के मुताबिक खुशबू किसी से ज्यादा बात नहं करती थी। वह शांत स्वभाव की थी। ऐसे में पुलिस को शक है कि कहीं इस शादी की वजह से नाराज होकर उसने यह कदम तो नहीं उठाया। इसके अलावा अन्य बिंदुओं को भी अपनी जांच में शामिल की है। हालांकि पूरा मामला पोस्टमार्टम रिपोर्ट के जरिए मौत का कारण स्पष्ट होने के बाद ही कुछ कहा जा सकता है।
पुलिस अपने स्तर से खुशबू के मौत की गुत्थी लगभग सुलझा चुकी है। पीएम रिपोर्ट के जरिए मौत का कारण स्पष्ट होने के बाद स्थिति पूरी तरह से स्पष्ट हो जाएगा। - नरेंद्र प्रताप सिंह, एसपी ग्रामीण