लाटघाट(आजमगढ़)। रौनापार थाना क्षेत्र के सरदौली गरथौली बुढ़ानपुर केवटहिया, ओढ़रा सलेमपुर में गुरुवार की रात जहरीली शराबकांड केे बाद कोई परिवार बेसहारा हो गया तो किसी मां-बाप की गोद सूनी हो गई। एक साथ इतने लोगों की मौत से गांव में हर तरफ सिर्फ मृतकों के परिवार के लोगों की सिसकियां सुनाई दे रही हैं। चारों तरफ मातम पसरा है। गांव के लोगों में कोई घटना के संबंध में कुछ बोलने को तैयार नहीं है। केवटहिया गांव के पुरुष घर छोड़ कर भाग गए हैं। जहरीली शराब पीने से मृत चरित्तर निषाद के चार बेटे और एक बेटी है जबकि उसके मृत भाई रामवृक्ष दो बेटे और चार बेटियां हैं। श्यामप्रीत दो भाई और तीन बहन में छोटा था। उसके तीनों बहनों की शादी हो चुकी है जबकि बड़ा भाई कोलकाता रहता है। श्यामप्रीत घर पर अपने विकलांग पिता बगेदू और बूढ़ी मां सुकुली देवी का सहारा था। जहरीली शराब पीने से श्यामप्रीत की मौत हो जाने के बाद बूढ़े मां-बाप की रो-रोकर हालत खराब है। श्यामप्रीत की अभी शादी नहीं हुई थी। इसी क्रम में शिवकुमार चार भाई और एक बहन में छोटा था। उसकी भी शादी नहीं हुई थी। वहीं रामनयन एक बेटे का पिता था। सोबई पासी चार बेटा और एक बेटी का पिता था। जबकि केशव दो बेटा और एक बेटी का पिता था। वहीं शराब पीने से मृत अरविंद बिलरियागंज के वरुना जगदीशपुर का निवासी था। वह केवटहिया में रिश्तेदार के घर गया था जहां शराब पी थी। वह रात में ही घर लौट आया था। घर आने पर उसकी हालत खराब हुई और उसने घर पर ही दम तोड़ दिया। अरविंद सिकोहाबाद रेलवे में तैनात था। उसके दो बेटे और एक बेटी है। उसकी पत्नी निर्मला की पहले ही मौत हो चुकी है। अरविंद छुट्टी लेकर घर आया था। अरविंद की मौत के बाद बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल है। बच्चों का रोना सुनकर कोई अपने आंसू नहीं रोक पा रहे थे। जहरीली शराब पीने से आठ लोगों की मौत के बाद रौनापार थाना क्षेत्र के सरदौली गरथौली बुढ़ानपुर केवटहिया, ओढ़रा सलेमपुर और बिलरियागंज के वरुना जगदीशपुर में मातम पसरा है। पीड़ित परिवारो ं के घर सिसकियां गूंज रही हैं। हर कोई घटना को लेकर दुखी है। कुछ घरों की महिलाओं ने शराब बनाने और बेचने के धंधे पर नाराजगी जताई है