जिले में आपराधिक घटनाओं पर रोक लगाकर बदमाशों के मनोबल पर लगाम लगाने के लिए आईजी जोन वाराणसी एसके भगत ने गुरुवार को लालगंज सर्किट हाउस में मातहतों के साथ बैठक की। इस दौरान समीक्षा के बाद आदेश निर्देश जारी किया। बोले अधिकारी और कर्मचारी अपनी-अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन सही तरीके से करें। साथ ही अपराध नियंत्रण के क्षेत्र में तेजी लाएं। बैठक में आजमगढ़ के साथ मऊ, गाजीपुर और जौनपुर के एसपी और थानाध्यक्ष भी शामिल थे।
कहा कि सभी थानाध्यक्ष अपने यहां के सक्रिय अपराधियों की जानकारी अपने सटे थानों के अधिकारियों को दें, जिससे अपराधी एक थाने से अपराध के बाद दूसरे थाना क्षेत्र में अपने को सुरक्षित न समझे। इससे आम जनमानस में कानून व्यवस्था की भावना मजबूती से स्थापित होगी। आईजी जोन ने बताया कि डीआईजी आजमगढ़ को अपराध नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है।
कहा कि मोबाइल दस्ता व अपाचे दस्ते को हथियार, डंडा, वायरलेस आदि से लैस कर लिंक रोडों पर जिम्मेदारी दी जाए। समय बदलकर गश्त की जाए, जिससे रनिंग अपराध रोका जा सके। इस तरह की योजनाबद्ध कार्रवाई का जल्द ही परिणाम भी दिखेगा। ब्लॉक प्रमुख चुनाव पर चर्चा करते हुए बताया कि बीडीसी सदस्यों को किसी प्रत्याशी द्वारा प्रलोभन देकर प्रभावित किया जाए तो डीआईजी व कप्तान को तत्काल सूचित करें। इस अवसर पर जौनपुर, गाजीपुर, मऊ, आजमगढ के कप्तानों के अलावा एसडीएम लालगंज शीतला प्रसाद यादव सहित तमाम अधिकारी मौजूद थे।