आजमगढ़/जहानागंज। राजकीय मेडिकल कालेज पर अभी डायलसिस की सुविधा नहीं उपलब्ध है, जिसके चलते ही कोरोना संदिग्ध मरीज को यहां से रेफर किया गया था। जिस कोरोना संदिग्ध की मौत हुई है, उसके गुर्दे में भी समस्या आ गई थी और इसके लिए डायलसिस अत्यंत जरूरी था।
राजकीय मेडिकल कालेज को शासन ने लेवल-3 अस्पताल के रुप में अपग्रेड करने का निर्देश दिया हुआ है। इसके लिए धनराशि भी अस्पताल प्रशासन को मिल चुकी है। यहां 20 बेड के वेंटिलेटर के साथ ही डायलसिस की सुविधा का निर्देश है। अभी मात्र चार वेंटिलेटर ही यहां उपलब्ध है। वहीं डायलसिस की कोई व्यवस्था नहीं है। तीन दिनों पूर्व ही डीएम ने सीएमओ को मशीन व वर्कर प्राइवेट अस्पतालों से हॉयर कर उपलब्ध कराने का निर्देश दिया था, इसके बाद भी अभी यहां कोई व्यवस्था नहीं हो सकी है। इसके चलते ही कोरोना संदिग्ध को यहां से रेफर करना पड़ा और उसकी हॉयर सेंटर पहुंच कर मौत हो गई। अस्पताल को लेवल-3 अस्पताल के रूप में तब्दील करने की कवायद फिलहाल धीमी है। प्राचार्य, सीएमओ दावा कर रहे हैं कि मेडिकल कालेज अस्पताल को लेवल-3 अस्पताल के रूप में तब्दील करने की कवायद चल रही है लेकिन अभी इसमें समय नजर आ रहा है।