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नहाय खाय से हुआ छठ र्पव का हुआ आगाज

Tue, 24 Oct 2017 11:16 PM IST
ब्यूरो,अमर उजाला,आजमगढ़
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chhath
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आजमगढ़। दशहरा, दीपावली और गोवर्धन पूजा के बाद छठ पूजा की धूम दिखनी शुरू हो गई है। तमसा नदी के घाटों की साफ-सफाई और रंगाई-पुताई का कार्य अंतिम दौर में है। घाटों पर उजाला करने के लिए पूजा कमेटियों द्वारा बांस आदि लगाने का कार्य तेजी से किया जा रहा है।        
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डाला छठ के महापर्व पर कुछ महिलाएं चार दिन तो कुछ महिलाएं तीन दिन का व्रत रखती हैं। बाजारों में सूप, डलिया, फलों आदि की दुकानें सज गई हैं। घाटों पर साफ-सफाई और रंगाई-पुताई का कार्य अंतिम दौर में है। बहुत से लोगों ने घाटों पर बेदी बना ली है और अभी जिन लोगों ने बेदी नहीं बनाई है वह लोग पूजा कमेटियों से मिलकर बेदी बनाने के लिए जगह बुक कर रहे हैं।

सूप और डलिया की बढ़ी मांग को देखते हुए बांसफोर पूरे दिन परिवार के साथ मिलकर सूप और डलिया को बनाने में मशगूल हैं। पर्व को लेकर नगर के गौरीशंकर घाट, दलालघाट, भोला घाट, सिधारी, एकतखा, नरौली, पुराना पुल, गोदाम घाट, हड़हवा बाबा सहित ज्यादातर घाटों पर नगरपालिका द्वारा घाटों की तेजी से सफाई की जा रही है।
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सोमवार को मंडलायुक्त के निर्देश के बाद इसमें और तेजी आ गई है। अधिशासी अधिकारी प्रतिभा सिंह और एडीएम प्रशासन लवकुश त्रिपाठी घाटों की साफ-सफाई को लेकर लगातार नजर बनाए हुए हैं। मुबारकपुर संवाददाता के अनुसार मुबारकपुर नगर क्षेत्र में डाला छठ पर्व की तैयारियां शुरु हो गई हैं।

लोग तालाब, पोखरों के किनारे बेदियां बनाने में जुटे हुए हैं। सगड़ी संवाददाता के अनुसार छठ पर्व को देखते हुए सगड़ी तहसील क्षेत्र में पोखरों की साफ-सफाई कर बेदियों को बनाने का कार्य लोगों द्वारा किया जा रहा है। पूजा कमेटियों द्वारा पोखरों के ईर्द गिर्द प्रकाश की व्यवस्था के लिए बांस लगाने का कार्य तेजी से किया जा रहा है। जीयनपुर, मालटारी, लाटघाट आदि बाजारों में पूजा सामानों के बिक्री की दुकानें सज गई हैं।    

नगर पालिका क्षेत्र में आने वाले सभी घाटों की साफ-सफाई का कार्य पूरा कर लिया गया है। जहां जेसीबी की जरूरत थी वहां जेसीबी लगाकर और जहां सफाईकर्मियों की जरूरत थी वहां प,र सफाई कर्मियों को लगाकर सफाई का कार्य पूरा कर लिया गया है। घाटों पर लाइट लगाने का कार्य तेजी से चल रहा है। पूजा के पहले और दूसरे दिन घाटों पर चूने का छिड़काव कराया जाएगा।      
- प्रतिभा सिंह, अधिशासी अधिकारी नगरपालिका।

बोगियों में नहीं बच रही तिल रखने की जगह
मेजवां। छठ पर्व के मद्देनजर ट्रेनों में होने वाली भीड़ को देखते हुए सरकार की ओर से कई पूजा स्पेशल ट्रेनों का संचालन किया जा रहा है। इसके बाद भी ट्रेनों में भीड़ कम होने का नाम नहीं ले रही है। जाने वालों से ज्यादा घर आने वालों की भीड़ है। बोगियों में तिल रखने की भी जगह नहीं बच रही है।जिसके कारण यात्रियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।  

छठ पर्व को लेकर दिल्ली, मुंबई आदि बड़े शहरो से कमाई कर घर लौटने वाले यात्रियों से ट्रेनें फुल चल रही है। ट्रेनों के स्लीपर, जनरल और एसी कोचों में यात्रियों की भीड के चलते सफर करने वालों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

शाहगंज, आजमगढ, मऊ के बीच चलने वाली प्रमुख ट्रेनें साबरमती, सरयू यमुना, गोदान, सूरत छपरा, गरीब नवाज, पूजा स्पेशल के साथ दीदारगंज रेलवे स्टेशन के समीप शाहगंज जक्शन से गुजरने वाली कोटा पटना, फरक्का, सियालदह, देहरा दून एक्सप्रेस ट्रेनों में काफी भीड़ चल रही है।

बताते चलें कि बिहार का महत्वपूर्ण पर्व छठ पूजा गुरूवार को है। इस पर्व को मनाने के लिए लोग अपने घर पहुंचने के लिए बेचैन हैं वही ट्रेनें भी दो से तीन घंटे बिलंब से चल रही है जिसके चलते यात्रियों को काफी परेशानी हो रही है।

आजमगढ़। चार दिनों तक चलने वाले छठ महापर्व को लेकर श्रद्घालुओं की तैयारियां तेज हो गई है। नहाय खाय के साथ मंगलवार को छठ पूजा का महापर्व शुरू हो गया। महापर्व की शुरूआत होते ही बाजारों में भी चहल-पहल बढ़ गई।  
जैसे-जैसे छठ पूजा का दिन नजदीक आ रहा है वैसे-वैसे श्रद्घालुओं की तैयारियां तेज हो रही हैं।

पूजा के लिए जरूरी फलों और सामानों की खरीदारी के लिए बाजार सज चुका है। इन दूकानों पर खरीदार भी पहुंचने लगे हैं। वहीं इस पूजा को करने वाले व्रतियों का व्रत भी मंगलवार को नहाय खाय के साथ शुरू हो गया। व्रती महिलाओं ने चने की दाल और लौकी की सब्जी का भोजन कर महाव्रत की शुरूआत की।

बुधवार को खरना होगा। जिसमें पूरे दिन व्रत रहने के बाद व्रती महिलाएं शाम को गुड़ के साथ साठी के चावल की बनी खीर को केले के पत्ते में प्रसाद के रूप में ग्रहण करेंगी। इसके साथ ही व्रती महिलाओं का 36 घंटे का निर्जला उपवास भी शुरू हो जाएगा। गुरुवार की शाम और शुक्रवार की सुबह में भगवान भाष्कर को अर्घ्य देने के बाद यह व्रत पूरा होगा। 
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