छठे स्थान पर क्रॉस बेली इंटरनेशनल स्कूल सठियांव के सिद्धार्थ मौर्या (96.2), सातवें स्थान पर सेंट जेवियर्स एलवल के इशान मिश्रा (95.8) व सेंट जेवियर्स सम्मोपुर की कोमल सिंह (95.8) प्रतिशत रहे। आठवें स्थान पर सेंट्रल पब्लिक स्कूल की गार्गी शुक्ला (95.2), नौवें स्थान पर ईशान पब्लिक स्कूल के त्रिपुरारी यदव (95), 10वें स्थान पर सेंट जेवियर्स एलवल की आदित्या सिंह (94.9), आयुष कुमार सोनकर (94.8) व सर्वोदय पब्लिक स्कूल की अनुवर्तिका श्रीवास्तव (94.8) शामिल हैं। सीबीएसई 12वीं की परीक्षा के लिए जिले में 4682 परीक्षार्थी पंजीकृत थे।
किसी भी परीक्षा में सफल होना तरक्की की दिशा में एक कदम भर होता है। ऐसे में कम अंक पाने वले छात्रों को निराश होने की जरूरत नहीं है। हर नतीजे के बाद छात्रों को ऐसी सोच रखनी चाहिए और दोगुने उत्साह के साथ अगली परीक्षा की तैयारी करनी चाहिए। इस सोच के साथ यदि छात्रा तैयारी करें तो निश्चित तौर पर उन्हें बेहतर परिणाम देखने को मिलेंगे।
कम अंक मिलने पर हतोत्साहित नहीं होना चाहिए बल्कि कमियों की समीक्षा कर आगे की तैयारी में जुट जाना चाहिए। ऐसा करने पर निश्चित तौर पर सफलता उनके कदम चूमेगी। जिला कोआर्डिनेटर निलेश श्रीवास्तव ने कहा कि परीक्षा में यदि कम अंक मिलता है तो उससे चिंतित होने की जरूरत नहीं है। जीवन में सफलता के बहुत अवसर मिलते हैं। अभिभावकों को भी चाहिए कि वे कम अंक पाने पर बच्चों के हौसले को बढ़ाएं। आगामी परीक्षा में बेहतर करने का प्रयास करने की सलाह दें।