मानदेय की मांग को लेकर बालश्रम कर्मचारियों ने बुधवार को कलेक्ट्रेट चौराहे पर बेसिक शिक्षा अधिकारी एवं परियोजना निदेशक बालश्रम का पुतला फूंका। वहीं विकास भवन पर 24 दिन से धरना दे रहे कर्मचारियों ने मांगे न माने जाने पर आगे अन्य अधिकारियों के भी पुतला फूंकने की चेतावनी दी। इस दौरान शासन प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई।
बालश्रम अध्यक्ष रामप्यारे यादव ने कहा कि मानदेय का भुगतान न करने के कारण कर्मचारियों में गुस्सा है। कर्मचारियों का जिला प्रशासन पर से भरोसा उठता जा रहा है। वह सिर्फ अनशन स्थल पर आकर आश्वासन ही दे रहे हैं। जबकि कर्मचारी भुखमरी के कगार पर पहुंच चुके हैं। ऐसे में प्रशासन को उनकी बातों को गंभीर होकर सुनना चाहिए। कहा कि अब वह गुहार लगाते-लगाते थक चुके हैं। अभी तो बीएसए का ही पुतला फूंक कर वह अपना विरोध जता रहे हैं। यदि उनके मानेदय पर ध्यान नहीं दिया गया तो वह अन्य अधिकारियों का पुतला भी फूंकेंगे।
मिनिस्ट्रियल फेडरेशन सर्विस एसोसिशन के अध्यक्ष प्रदीप कुमार सिंह ने कहा कि शासन स्तर से मानदेय की धनराशि प्राप्त होने के बाद शोचनीय है। इस मौके पर रामजन्म प्रसाद रावत, संजय कुमार यादव, रजिया, किशन, रीता मौर्या, सेवालाल यादव, सुचिंत कुमार, रमाकांत, पंकज राय मौजूद थे।