कोर्ट के खुलने तक रमाकांत वहीं पर रहे। पेशी से लौटते समय मीडिया से जैसे ही उन्होंने कहा कि फर्जी मुकदमा लगाया जा रहा हमारे ऊपर, आजम खां और सोलंकी पर।
उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य ठीक नहीं है। जेल में दवा नहीं मिलती है। खाना-पीना भी ठीक नहीं मिलता। आज आदेश हो जाएगा तो मिलने लगेगा। उनके इतना बोलने के साथ पुलिस ने मीडिया कर्मियों को हटाना शुरू कर दिया।