आजमगढ़। हाल ही एनजीटी अनुश्रवण समिति ने अपनी रिपोर्ट में एडीए को नदी के हाई फ्लड एरिया से 50 मीटर एरिया में आने वाले निर्माणों को हटाने का निर्देश दिया है। लेकिन एडीए नदी के हाई फ्लड एरिया के निर्धारण को लेकर उलझा हुआ है। क्योंकि पुरानी महायोजना में फ्लड एरिया को दर्शाया नहीं गया है। ऐसे मेें प्रशासन ये समझ नहीं पा रहा है कि कितने क्षेत्र को हाई फ्लड एरिया माने। इसके लिए एडीए सचिव ने बाढ़खंड से जानकारी मांगी है।
जनपद में तमसा नदी के किनारे से अवैध निर्माण को एनजीटी अनुश्रवण समिति द्वारा लगाए गए भारी भरकम जुर्माने के बाद जनपद में हड़कंप मचा हुआ है। कहीं धरना प्रदर्शन हो रहा है तो कहीं 75 मीटर एरिया में हुए निर्माणों को न ढ़हाने के लिए प्रधानमंत्री और राज्यपाल से गुहार लगाई जा रही है। इन सबके बीच एडीए नदी के फ्लड एरिया निर्धारित करने को लेकर उधेड़बुन में जुटा हुआ है। समिति ने एडीए को नदी के हाई फ्लड एरिया के बाद 50 मीटर परिधि में हुए निर्माणों केे हटाने के लिए एक नवंबर से छह माह का समय दिया है। ऐसा न करने की दशा में प्रतिदिन पांच लाख रुपये की दर से भारी भरकम जुर्माना लगाने की चेतावनी दी है। एडीए के पास नदी के फ्लड एरिया के बारे में कोई जानकारी नहीं है। वहीं पुरानी महायोजना में भी इसे कहीं दर्शाया नहीं गया है। जिसके कारण एडीए सचिव इस एरिया का निर्धारण करने के लिए माथापच्ची करने में जुटे हुए हैं। इसके लिए उन्होंने बाढ़खंड से भी फ्लड एरिया के बारे में जानकारी मांगी है।