आजमगढ़। जनपद में बढ़ते तापमान को देखते हुए छात्र-छात्राओं के हित में कक्षा नर्सरी से 12वीं तक समस्त विद्यालयों का समय परिवर्तित कर दिया गया है। साथ ही निर्देश दिए कि परिसर में शुद्ध पेयजल एवं ओआरएस पैकेट की उपलब्धता प्रत्येक दशा में सुनिश्चित कर लें।
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी समीर ने कहा कि गरम हवा, लू लगने के सामान्य लक्षण के रूप में अधिक पसीना आना, तेज गति सांस का चलना, मांसपेशियों में दर्द मिलती, उल्टी या दस्त या दोनों का होना पाया जाता है। अत्यधिक प्यास लगने लगती है, तेज बुखार आ सकता है या कभी-कभी मूर्छा भी आ सकती है। इसके लिए पूर्व तैयारी जागरूकता एवं बचाव के उपायों की पर्याप्त व्यवस्था कर जीवन को सुरक्षित किया जा सकता है।
बीएसए ने निर्देश दिए कि समस्त विद्यालयों के प्रधानाचार्य व प्रधानाध्यापक विद्यालय में शुद्ध पेयजल एवं ओआरएस पैकेट के साथ ही आवश्यक दवाओं की उपलब्धता प्रत्येक दशा में सुनिश्चित की जाए और आउटडोर गतिविधियां तत्काल प्रभाव से रोक दी जाएं। विद्यार्थियों को लू से बचाव के लिए जागरूक किया जाए और आपदा कार्यालय द्वारा उपलब्ध कराए जा रहे जागरूकता संदेशों को विद्यालय सूचना बोर्ड पर चस्पा किया जाए। उक्त आदेश का कड़ाई से अनुपालन कराते हुए किसी भी दशा में शिथिलता न बरती जाए।