स्थानीय तहसील दिवस पर मंगलवार को वरासत गलत करने और इस कार्य में हीलाहवाली की शिकायत पर मंडलायुक्त नीलम अहलावत ने नाराजगी जताई। उन्होंने दो लेखपालों को निलंबित करने और एक पूर्व कानूनगो के खिलाफ कार्रवाई करने का निर्देश दिया। उन्होंने अनुपस्थित अधिकारियों को नोटिस भेजकर स्पष्टीकरण देने का निर्देश दिया।
निजामाबाद तहसील दिवस में मंडलायुक्त नीलम अहलावत के अचानक पहुंचते ही हड़कंप मच गया। तहसील दिवस में पहुंचते ही सबसे पहले उन्होंने तहसील दिवस की उपस्थिति पंजिका का अवलोकन किया। उपस्थिति पंजिका में चार थानाध्यक्ष अनुपस्थित थे। इसपर उन्होंने नाराजगी जताई। उन्होंने पुलिस अधीक्षक को को पत्र भेजकर चारों थानाध्यक्षों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई करने को कहा। जांच में बीडीओ मिर्जापुर, चिकित्साधिकारी तहबरपुर, बाल विकास अधिकारी मिर्जापुर, जल निगम अधिकारी, सहायक अभियंता नलकूप, लघु सिंचाई, खंड शिक्षा अधिकारी महमदपुर, रानी की सराय, नगर पंचायत ईओ, निजामाबाद, सरायमीर, रानी की सराय, सिचाई खंड- 23 सहित कई विभागों के अधिकारी अनुपस्थित रहे। तहसील दिवस के दौरान टीकापुर के राजपति यादव ने प्रार्थना पत्र दिया कि लेखपाल द्वारा गलत वरासत कर दी गई है। इन सभी अधिकारियों को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण देने का निर्देश दिया।
तहसील दिवस में शिवरामपुर निवासी शेषनाथ ने वरासत दर्ज न करने की शिकायत की। कहा कि लेखपाल बार-बार दौड़ा रहे हैं। एक अन्य मामले में गलत वरासत दर्ज करने की शिकायत की गई। इस पर मंडलायुक्त ने दोनों लेखपालों को निलंबित करने का आदेश दिया। वहीं कोठा के भूतपूर्व कानूनगो के खिलाफ करवाई करने का\निर्देश दिया।
तहसील दिवस पर कुल 64 प्रार्थना पत्र आए जिनमें से 11 को मौके पर निस्तारित कर दिया गया। शेष वादों को निस्तारण के लिए संबंधित विभागों को सौंप दिया गया। तहसील दिवस पर अधिवक्ताओं का एक प्रतिनिधि मंडल पन्ना लाल यादव नेतृत्व में मंडलायुक्त से मिला और पांच सूत्री मांगों का ज्ञापन सौंपा। सगड़ी संवाददाता के मुताबिक सगड़ी तहसील पर मंगलवार को तहसील दिवस में 63 मामले आए। इस दौरान चार मामलों का मौके पर निस्तारण किया गया। इस अवसर पर अतिरिक्त मजिस्ट्रेट अरविंद कुमार, एसडीएम रवि रंजन, सीओ सगड़ी सोहराब आलम, तहसीलदार हीरालाल आदि उपस्थित थे।
फूलपुर संवाददाता केमुताबिक तहसील सभागार में मंगलवार को मुख्यविकास अधिकारी महेंद्र वर्मा की अध्यक्षता में तहसील दिवस का आयोजन किया गया। इस दौरान 66 प्रार्थना-पत्र आए लेकिन एक भी मामले का निस्तारण नहीं हो सका। सीडीओ ने अधिकारियों को सभी मामलों के त्वरित निस्तारण के निर्देश दिया। उपजिलाधिकारी प्रशांत कुमार, तहसीलदार हेमंत कुमार गुप्ता, नायब तहसीलदार मुकेश शर्मा, गिरिजेश बहादुर, राम जिवायन, राजेश पांडेय आदि मौजूद रहे।