बलरामपुर। जनपद के मुबारकपुर में फैले पीलिया पर लगाम लगाने में प्रशासन नाकाम साबित हुआ है। शुक्रवार की देर रात जिला अस्पताल में उपचार करा रहे मुबारकपुर के एक अधेड़ व्यक्ति की मौत हो गई। तीन गंभीर मरीजों को उपचार के लिए हायर सेंटर रेफर किया गया है। मुबारकपुर में पीलिया का प्रकोप थमने का नाम नहीं ले रहा है। पीलिया से अब तक मुबारकपुर में सात लोगों की मौत हो चुकी है। जिला अस्पताल में पीलिया से सात मरीज भर्ती हैं। इनमें से शुक्रवार की रात मुबारकपुर कस्बा निवासी यशवंत सिंह (60) पुत्र स्व. सूर्यनाथ की मौत हो गई। नगरपालिका प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की ओर से इस पर लगाम लगाने की सारी कवायद फेल साबित हो रही है क्योंकि जिला अस्पताल में भर्ती लगभग एक दर्जन लोगों में से दो की मौत हो गई और तीन लोगों मुहम्मद राहिल (20) मुहल्ला पुरा सोफी, नाजिया (29) नया पुरा और गणेश (30) बनकट की हालत गंभीर देखते हुए हायर सेंटर के लिए रेफर कर दिया गया है। शेष लोगों की इलाज जिला अस्पताल में चल रहा है। नगरपालिका प्रशासन द्वारा इस पर लगाम लगाने के लिए नालों की साफ सफाई कराने के साथ ही पाइप की लीकेज को लगभग दुरुस्त कर दिया गया है। वहीं, स्वास्थ्य विभाग की ओर से कस्बे में लोगों को क्लोरिन आदि की गोली का वितरण निरंतर किया जा रहा है। इसके बाद भी नित नए सामने आ रहे मरीजों ने नपा प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की परेशानी को बढ़ा दी है। शुक्रवार की रात को मुबारकपुर विधायक मंडलीय अस्पताल पहुंचे और भर्ती मरीजों का हाल जाना।
क्रिकेट मैच के दौरान पिया पानी और हो गई पीलिया
बलरामपुर। मंडलीय अस्पताल से रेफर मुबारकपुर थाना क्षेत्र के बनकट गांव निवासी गणेश वैसे तो मुबारकपुर कस्बे से काफी दूर रहता है लेकिन वह तीन दिन तक लगातार मुबारकपुर में क्रिकेट मैच खेलने के लिए गया। खेल के दौरान प्यास लगने पर उसने वहां का पानी पिया। इसके बाद जब तबियत खराब हुई तो पता चला कि उसे पीलिया है। आननफानन में उसे मंडलीय अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां उसकी हालत गंभीर देख चिकित्सकों ने हायर सेंटर के लिए रेफर कर दिया।
वर्तमान में मंडलीय अस्पताल में पीलिया से पीड़ित सात मरीज भर्ती हैं। रात को मुबारकपुर निवासी यशवंत जो पीलिया से पीड़ित था उसकी मौत हो गई। वहीं एक और व्यक्ति सुखराम की भी मौत हुई है। लेकिन वह पीलिया से नहीं बल्कि गैस्ट्रो से पीड़ित था और उसे बेहोशी की हालत में एडमिट कराया गया था। पीलिया पीड़ित एकदम आखिरी समय में हमारे पास आ रहे हैं जिसके कारण यह मौतें हो रही हैं।
- डा. ओमप्रकाश, प्रभारी एसआईसी, मंडलीय अस्पताल