लाटघाट। अजमतगढ़ ब्लॉक के साधन सहकारी समिति मोहम्मदपुर में बुधवार शाम को संत निरंकारी का 30वां वार्षिक सम्मेलन संत राम अवध मौर्य की अध्यक्षता में हुआ। इसमें इंसान को इंसान से प्रेम करने का पाठ पढ़ाया गया।
मुख्य अतिथि देवरिया से आए ज्ञान प्रचारक सुरेंद्र नाथ त्रिपाठी ने कहा कि निरंकारी मिशन इंसान से इंसान को प्रेम करना सिखाता है। यहां जाति-पाति की भावना से ऊपर उठकर हर इंसान में भगवान को देखा जाता है। हर मानव शरीर में ईश्वर वास करते हैं। मानव को ईश्वर के रूप में देखने के लिए आत्मज्ञान जरूरी है। आत्मज्ञान नहीं होने तक इंसान का इंसान से भेदभाव बना रहता है। निरंकारी मिशन परमब्रह्म परमात्मा का दिव्यदृष्टि से साक्षात्कार करा कर मानव के जीवन जीने की कला सिखाती है। इस मिशन में ईश्वर, अल्लाह, वाहेगुरु सब एक ही परमात्मा के नाम हैं । शाम को भजन-कीर्तन हुआ। देर रात्रि तक समागम चलता रहा। सुकानु, भोला, रामनाथ यादव, नरेंद्र सिंह, श्यामा प्रसाद, कल्पना, मीना देवी, भानमती, सुभावती ने भजन कीर्तन के माध्यम से निरंकारी मिशन पर चर्चा की। संचालन रामानंद यादव ने किया। आयोजक राम अवध मौर्य ने बताया कि समागम में आजमगढ़, मऊ, देवरिया के अनुयायी आए हुए हैं।