महराजगंज थाना क्षेत्र के मुड़िलपुर गांव में गुरुवार की शाम मोतीपुर के प्रधान सिंहासन यादव की हत्या की जांच एसटीएफ वाराणसी सहित पुलिस की कुल तीन टीमें करेंगी। मृतक के भाई की तहरीर पर शहर कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। उधर महराजगंज थाने में नष्ट हुए सामानों की विशेषज्ञों से जांच कराई जा रही है। उधर देर रात वाराणसी रेंज के आईजी ने भी घटनास्थल का जायजा लिया।
बता दें कि सिंहासन यादव गुरुवार की शाम करीब पांच बजे बाइक से महराजगंज से घर लौट रहे थे। मुड़िलपुर गांव के पास पहले से मौजूद बाइक सवार दो बदमाशों ने उन्हें रोक कर ताबड़तोड़ सात गोलियां दागकर मौत के घाट उतार दिया। सिंहासन के जबड़े और गर्दन में एक-एक गोली, सिर में दो गोली और पीठ में तीन गोली लगी थी। मौके पर पुलिस के नहीं पहुंचने पर आक्रोशित लोगों ने महराजगंज थाना फूंक दिया। थाने में एक भी सरकारी कागज नहीं बचा। थाना फूंके जाने की सूचना से प्रदेश में हड़कंप मच गया। रात को ही मौके पर आईजी जोन वाराणसी अमरेंद्र सिंह सेंगर पहुंचे।
डीआईजी, एसपी और डीएम के साथ मुआयना मौके का मुआयना किया। आईजी ने विशेषज्ञों की एक टीम गठित करके थाने में जले अभिलेख, कंप्यूटर, असलहे, बाइक, फर्नीचर आदि सामानों का आंकलन करने और आरोपियों की पहचान कर रिपोर्ट दर्ज कराने का निर्देश दिया। उधर रात करीब दस बजे तक जिले के अलावा मऊ अंबेडकरनगर थानों की फोर्स और पीएसी पहुंच जाने के बाद पुलिस मोतीपुर गांव पहुंची और प्रधान की लाश को पीएम के लिए भेजा। देर रात तक पोस्टमार्टम होने के बाद शुक्रवार की सुबह शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया। घटना के संबंध में सिंहासन के बड़े भाई जयप्रकाश यादव ने गांव के वीरेंद्र उर्फ बबलू यादव, उसके भाई प्रह्लाद सहित चार के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज कराई है।
डीआईजी रतन कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि घटना के खुलासे के लिए एसटीएफ वाराणसी के अलावा घटना के विवेचक चंद्रभाष्कर द्विवेदी के नेतृत्व में पांच चुनिंदा पुलिसकर्मियों की टीम लगाई गई है। इसके अलावा सर्विलांस टीम भी हत्या के खुलासे में जुटी हुई हैं। सर्विंलास के जरिए काल डिटेल, घटनास्थल के आसपास मोबाइल लोकेशन की जांच पड़ताल की जा रही है।