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वेतन-पेंशन के 20 करोड़ बंटे

Thu, 01 Dec 2016 11:54 PM IST
ब्यूरो, अमर उजाला, आजमगढ़
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पैसा संकट
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जनपद में सेलरी और पेंशन बांटने के लिए लगभग 150 करोड़ रुपये की जरूरत है लेकिन जनपद में इतनी मात्रा में कैश नहीं है। आम दिनों में जनपद में प्रतिदिन लगभग 75 करोड़ रुपये की जरूरत होती है लेकिन वह भी पूरी नहीं हो पा रही है। ऐसे में 150 करोड़ कहां से आएंगे, यह सबसे बड़ा सवाल है। दिसंबर माह की शुरुआत के पहले दिन कई विभागों की सेलरी और पेंशन कर्मचारियों के खाते में पहुंच जाती है। जिसे निकालने के लिए गुरुवार को बैंकों पर लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी। गुरुवार को जनपद में लगभग 20 करोड़ रुपये सेलरी और पेंशनधारकों में वितरित भी किए गए।
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बैंकों में अभी सबसे बड़े विभाग शिक्षा विभाग, स्वास्थ्य विभाग के साथ ही पीडब्ल्यूडी, कृषि और नगरपालिका सहित कई विभागों की सेलरी नहीं आई है। अगर यह सेलरी भी आज खातों में पहुंचती तो बैंकों में गहमागहमी अधिक होती। पीडब्ल्यूडी में लिपिक सुरेंद्र लाल श्रीवास्तव, डीआरडीए में लेखाकार शिवमोहन सिंह, एक कालेज के लिपिक निर्भय सिंह और कृषि विभाग में तकनीकि सहायक डा. छोटेलाल शर्मा ने कहा कि अभी तो हमारी सेलरी हमारे खाते में नहीं आई है। जिसे एक दो दिन में आने की संभावना है। कई विभागों के कर्मचारियों का वेतन अभी बैंक में पहुंचा ही नहीं है।

उधर, स्टेट बैंक आफ इंडिया में बैंक परिसर में कर्मचारियों को वेतन और पेंशन का भुगतान करने के लिए अलग से काउंटर की व्यवस्था की गई थी। वहीं यूनियन बैंक ने विभागवार चेक लेकर भुगतान किया गया। गुरुवार को बैंक खुलते ही बैंकों पर सेलरी और पेंशन का पैसा निकालने के लिए भीड़ उमड़ पड़ी। इस भीड़ की आशंका को पहले से ही भांप बैंकों द्वारा इसकी व्यवस्था पहले से कर ली गई थी।
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स्टेट बैंक आफ इंडिया की मुख्य शाखा में इसके लिए अलग से कांउटर बनाए गए थे। जिस पर सुबह से ही लोग लाइन में लगे थे। लगभग एक हजार से अधिक लोगों ने लाइन में लगकर सेलरी और पेंशन के पैसे का भुगतान लिया। बैंक की ओर से कर्मचारियों और पेंशन भोगियों को सरकार से निर्धारित 24000 रुपये की लिमिट के अनुसार ही पैसे दिए गए। वहीं यूनियन बैंक में कर्मचारियों के वेतन भुगतान के लिए अलग काउंटर की  व्यवस्था नहीं की गई थी बल्कि विभागवार चेक इकठ्ठा कर भुगतान किया।

इसके  कारण बैंकों में चेक जमा करने और कैश लेने के लिए भीड़ लगी हुई। चेक का पैसा विभाग के अधिकारी के सुपुर्द किया गया जो पैसे अपने  कर्मचारियों में वितरित किया। सेलरी और पेंशन की निकासी का पहला दिन तो सकुशल  बीत गया लेकिन बैंककर्मियों को अब दूसरे और तीसरे दिन की चिंता सता रही  है। कैश की कमी के कारण शुक्रवार को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
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