आजमगढ़। उपमुख्यमंत्री व प्रभारी मंत्री केशव प्रसाद मौर्य की अध्यक्षता में बुधवार को कलेक्ट्रेट के सभागार में हुई जिला योजना समिति की बैठक में विपक्षी दलों के विधायकों व जनप्रतिनिधियों ने जनसमस्याओं से जुड़े तमाम सवाल उठाए। विपक्षियों का आरोप है कि उपमुख्यमंत्री ने सटीक जवाब देकर संतुष्ठ करने की जगह सवालों को टाल गए।
सपा जिलाध्यक्ष हवलदार यादव ने जिला योजना समिति की बैठक को महज औपचारिकता बताते हुए कहा कि पहली बार जिला योजना की बैठक हुई जिसमें किस कार्य में कितना बजट खर्च किया जाएगा, बचे धन का समायोजन कैसे होगा जैसी जानकारी नहीं दी गई। बिजली कटौती और जले ट्रांसफार्मरों को समय से नहीं बदले जाने के सवाल को उपमुख्यमंत्री महज यह टाल गए कि सभी जिले को बराबर-बराबर बिजली दी जा रहीहै। उन्होंने कहा कि सच्चाई यह है कि बिजली कटौती से जहां आम लोग परेशान हैं वहीं खेती का काम प्रभावित हो रहा है। आरोप लगाया कि सपा शासन में चल रहे निर्माण कार्य बजट न मिलने के कारण रुके पड़े हैं। सिधारी ओवरब्रिज का काम बेहद धीमी गति से हो रहा है। गिट्टी, बालू का दाम बढ़ने से निर्माण का कास्ट बढ़ गया है। जिले की कई सड़कों का काम साठ फीसदी होने के बाद ठप पड़ा है। ऐसे सवालों का कोई संतुष्टिजनक जवाब नहीं दिया गया। उन्होेेंने बताया कि भाजपा सरकार आम जन को स्वच्छता, पौधरोपण आदि मुद्दों पर उलझा कर गुमराह कर रही है। विकास कार्यों से भाजपा सरकार को कुछ लेनादेना नहीं है।