आजमगढ़। जनपद में उपभोक्ता फोरम भवन के लिए 10 साल से जमीन की तलाश है। विभाग की ओर से पहले भी 5000 वर्ग फुट जमीन उपलब्ध कराने की मांग की गई थी। मई 2012 में तत्कालीन डीएम प्रांजल यादव के समय जमीन उपलब्ध कराई। विभाग का कहना है कि उस पर अवैध कब्जा है। कहने के बाद भी अवैध कब्जे को खाली नहीं कराया गया। प्रशासन दूसरी जमीन भी उपलब्ध नहीं करा पाया। फिर से जमीन के लिए मांग की गई है। डीएम ने मामले में सीआरओ से रिपोर्ट तलब की है। जनपद में उपभोक्ता फोरन न्यायालय संचालित करने के लिए भवन का निर्माण कराना है। इसके लिए राज्य उपभोक्ता विवाद प्रतिसोत आयोग की ओर से पिछले 10 साल से पांच हजार वर्ग फुट जमीन की मांग जिला प्रशासन से की जा रही है। आयोग के अपर जज पंकज कुमार सिंह का कहना है कि इससे पहले 2012 में तत्कालीन जिलाधिकारी प्रांजल यादव के निर्देश पर विभाग को सिधारी में पांच हजार वर्ग फुट जमीन उपलब्ध कराने की बात कही गई थी। इस जमीन पर अवैध कब्जा किया गया है और इस पर सरकारी पानी की टंकी भी है। विभाग की जरूरत इससे पूरी नहीं हो पा रही है। उन्होंने जिलाधिकारी से पांच हजार वर्ग फुट जमीन उपलब्ध कराने की मांग की है। जिलाधिकारी शिवाकांत द्विवेदी ने सीआरओ आलोक वर्मा से मामले में एक सप्ताह के भीतर रिपोर्ट तलब की है।