पल्हना। देवगांव कोतवाली क्षेत्र के ताड़कडीह गांव में रविवार की दोपहर संदिग्ध परिस्थितियों में आग लगने से एक ही परिवार के तीन सदस्यों की मौत हो गई। जबकि चार लोग गंभीर रुप से झुलस गए। इन सभी को सीएचसी लालगंज में भर्ती कराया गया है। आग लगने से जहां मकान के भीतर रखे गए लाखों रुपये के सामान जलकर नष्ट हो गया। वहीं दो गाय और तीन बकरियां भी जलकर मर गई। गांव वालों की मदद से फायर ब्रिगेडवालों ने अथक प्रयास कर आग पर काबू पाया।
मरने वालों में सोमारु (60), गंगा (15) पुत्री प्रेमसागर और उसका छोटा भाई विकास (6) का नाम शामिल है। जबकि झुलसने वालों में प्रेमसागर (40) उसकी पत्नी सुशीला (37), छोटा भाई त्रिभुवन (35) और पिता कन्हई (55) का नाम शामिल है। यह लोग देवगांव कोतवाली क्षेत्र केे ताड़कडीह गांव के निवासी हैं। परिवार की आर्थिक स्थिति ठीक न होने की वजह से यह लोग ईंट की दीवार जोड़कर उस पर करकट और मड़ई रखकर परिवार का गुजारा कर रहे थे। रविवार की दोपहर को सभी लोग घर में सोए रहे थे। दोपहर करीब साढ़े बारह बजे अचानक इनके मकान में आग लग गई। संदिग्ध परिस्थितियों में आग लगने की जानकारी इन्हें तेज धुआं और लपटें उठने पर हुई। घटना के बाद गांव में हड़कंप मच गया। लोग शोर मचाते हुए आग बुझाने के लिए मौके पर पहुंचे, लेकिन तेज धुप और लपटें उठने की वजह से कोई हिम्मत नहीं जुटा पा रहा था। मकान के भीतर परिवार के लोगों के होने पर कुछ लोग हिम्मत जुटाकर भीतर घुसे और बारी-बारी से इन लोगों को बचाकर बाहर निकाला। इस दौरान सभी लोग झुलस गए थे। इसीबीच विकास के अंदर होने की जानकारी पर बहन गंगा पुन: मकान में घुस गई। आग की चपेट में आने से दोनों भाई बहन की मौके पर ही मौत हो गई। घटना की सूचना मिलने पर फायर ब्रिगेड की गाड़ी के अलावा सीओ लालगंज, तहसीलदार लालगंज मौके पर पहुंचे। जब तक झुलसने वालों को अस्पताल भेजवाते कि सोमारु की भी मौत हो गई। शेष अन्य को सीएचसी लालगंज में भर्ती कराया गया। जब तक आग पर काबू पाया जाता कि भीतर रखा गया हजारो रुपये मूल्य का सामान जलकर नष्ट हो गया। तहसीलदार लालगंज ने लेखपाल को नुकसान का आंकलन कर रिपोर्ट सौंपने का निर्देश दिया।