तहबरपुर। स्वच्छ भारत अभियान के तहत पूरे देश में घर-घर शौचालय का निर्माण कराये जाने की योजना सरकार चला रखी है, लेकिन धन उपलब्ध करा पाने में सरकार अक्षम साबित हो रही है। यही कारण है कि अभियान गति नहीं पकड़ पा रहा है। तहबरपुर ब्लाक क्षेत्र में पंद्रह गांव ऐसे है जहां धन अब तक नहीं पहुंचा है, जिसे लेकर ग्राम प्रधान व लाभार्थी ब्लाक कार्यालय का चक्कर काट रहे है।
तहबरपुर ब्लाक में 91 ग्राम पंचायत और 185 राजस्व गांव है। वर्ष 2017-18 में ब्लाक क्षेत्र में 1550 शौचालय बनवाये जाने का लक्ष्य निर्धारित है। क्षेत्र के 70 ग्रामों में 25-25 तथा दस ग्रामों में 20-20 लाभार्थियों का चयन शौचालय के लिए किया गया है। लाख प्रयास के बाद भी अब तक लक्ष्य के सापेक्ष मात्र 450 शौचालय का ही निर्माण पूरा हो सका है। लाभार्थियों को अब तक पैसा उपलब्ध न हो पाने और अधिकारियों की उदासीनता के चलते यह स्थिति है। ब्लाक क्षेत्र के कोठिया, अरया, भोरा मकबूलपुर, बेगपुर खालसा, विशौली, नवापूरा, चकिया, दूबेरामपुर, ददरा, ढढनी, शिवराजपुर, मुकुंदपुर समेत पंद्रह ग्राम ऐसे है जहां के लाभार्थियों को अब तक पैसा उपलब्ध ही नहीं हो सका है। जिसके चलते इन ग्रामों में अब तक शासन की मंशा के अनुरूप एक भी शौचालय का निर्माण नहीं हुआ है। इन गांव के प्रधान और लाभार्थी शौचालय के पैसे के लिए ब्लाक कार्यालय का चक्कर लगाने को मजबूर है।