आजमगढ़। शासन द्वारा दो वर्ष पूर्व दिए गए निर्देश का मंडलीय अस्पताल में अब अनुपालन शुरू हो सका है। शासन के निर्देश पर मंडलीय अस्पताल में कलर कोड लागू कर दिया गया है। जिसके तहत अब हर दिन बेडों पर अलग-अलग कलर की चादर बिछाई जाएंगी। इसके लिए वार्डों में सूची भी लगाई जा चुकी है। अस्पतालों में अक्सर मरीजों और उनके परिजनों द्वारा बेड की चादर न बदले जाने की शिकायत की जाती है। जिसे देखते हुए शासन स्तर से दो वर्ष पूर्व ही हर दिन अलग-अलग रंग की चादर बेडों पर लगाने का निर्देश दिया गया। लेकिन पूर्व में अधिकारियों द्वारा इन निर्देशों की अवहेलना की गई। जिसके कारण यह कलर कोड अस्पताल में लागू नहीं हो सका। जबकि इसके लिए प्रतिदिन इस्तेमाल होने वाली चादरों के रंग को भी निर्धारित किया गया था। जिसके तहत सोमवार को सफेद, मंगलवार को गुलाबी, बुधवार को हरा, गुरुवार को आरेंज, शुक्रवार को परपल, शनिवार को नीला और रविवार को ग्रे कलर की चादर बिछाने का निर्देश दिया था। अस्पताल प्रशासन ने शासन के निर्देशों का पालन नहीं किया और ना ही निरीक्षण को पहुंचे आला अधिकारियों ने ही इस ओर ध्यान दिया। लेकिन मंडलीय अस्पताल में अब यह व्यवस्था लागू हो चुकी है। किस दिन कौन से रंग की चादर बिछानी है उसकी पूरी लिस्ट वार्डों में लगाई गई है। ताकि कोई भी यह जान सके कि आज किस कलर की चादर बिछाई जानी है।
यह कोई नया निर्देश नहीं है। दो वर्ष पूर्व ही शासन से इसके लिए निर्देश आया था लेकिन मंडलीय अस्पताल में इसका पालन नहीं किया गया। हमारे पास हरे रंग की चादर नहीं है बाकी सभी दिनों के लिए हर रंग की चादर उपलब्ध है।
डा. कृष्ण गोपाल सिंह, प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक।
शुक्रवार को नहीं बदली गई चादरें
आजमगढ़। मंडलीय अस्पताल की व्यवस्था किस प्रकार से चल रही है इसका अंदाजा शुक्रवार को अस्पताल में बेडों पर बिछी चादर को देखकर लगाया जा सकता है। अस्पताल में कलर कोड लागू होने के बाद शुक्रवार को परपल कलर की चादर बेड़ों पर होनी चाहिए थी। लेकिन गुरुवार को बिछाई गई आरेंज कलर की चादर ही बेडों पर देखने को मिली। जबकि अगर प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक की मानें तो हरे रंग को छोड़कर हर कलर की चादर अस्पताल में मौजूद है।