आजमगढ़। मंदुरी हवाई पट्टी पर शनिवार दोपहर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राज्यपाल राम नाईक और सीएम योगी आदित्यनाथ के साथ पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे के शिलान्यास के साथ ही कनेक्टिविटी का खूबसूरत नजारा पेश किया। कहा कि इससे विकास की दौड़ में पीछे छूट चुके पूर्वी यूपी में पलायन रुकेगा। एक्सप्रेस-वे किनारे इंडस्ट्रियल कॉरिडोर, मेडिकल कॉलेज और औद्योगिक प्रशिक्षण केंद्र बनाकर लोगों को उनके जनपद में रोजगार के अवसर दिए जाएंगे। एक्सप्रेस-वे का शिलान्यास करने के साथ ही उन्होंने पूर्वांचल से ही लोकसभा-2019 का चुनावी बिगुल फूंक दिया। पीएम मोदी ने ऋषि-मुनियों की तपोभूमि और साहित्यकारों को उर्वरा भूमि को नमन करते हुए कहा कि पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे पूर्वांचल के विकास में नया अध्याय लिखेगा। पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे के किनारे बसे सभी शहर, गांव और कस्बों की तस्वीर बदल जाएगी। किसान, पशुुपालक, बुनकर, शिल्पकारों सभी को नई दिशा मिलेगी। लखनऊ से गाजीपुर तक कई जनपदों पर विकास की नई गंगा बहेगी। कहा कि सूबे में एक साल में अभूतपूर्व कार्य हुए हैं।10 वर्षों के बाद यूपी की पहचान बदल रही है। किसानों, नौजवानों, पीड़ितों, शोषितों और वंचितों के लिए कार्य किया जा रहा है। कहा, दिल्ली से गाजीपुर तक का सफर 10 घंटे में तय होगा। जाम से निजात मिलेगी। ईंधन और समय के साथ पर्यावरण भी सुरक्षित रहेगा। पर्यटन के क्षेत्र में संभावनाएं बढेंगी। धार्मिक और पौराणिक स्थलों को प्रचार-प्रसार होगा। एक्सप्रेस-वे के बनने के बाद पूर्वांचल का कनेक्शन एक तरण पटना और दूसरी तरफ दिल्ली और बुंदेलखंड तक होगी, जो सूबे के विकास की नई इबारत लिखेगी। गंगा में वाराणसी से हल्दिया तक जलमार्ग का विकास हो रहा है। रिजनल कनेक्टिविटी स्कीम के तहत 12 हवाई पट्टियों से घरेलू और दो से अंतरराष्ट्रीय उड़ान शुरू की जा रही है। पिछले एक साल में ट्रेन के एससी कोच में यात्रा करने वालों से हवाई यात्रा करने वालों की संख्या अधिक रही है।