आजमगढ़। उत्तर प्रदेश सोशल आडिट महासंघ की बैठक शनिवार को कुंवर सिंह उद्यान में हुई। जिसमें कोर्ट में शासन के फैसले के खिलाफ दाखिल याचिका में अधिकाधिक याची बनने पर चर्चा की गई। अध्यक्षता करते हुए प्रदेश अध्यक्ष हरेंद्र सिंह नें कहा कि शासन द्वारा सोशल आडिटरों की भर्ती 18 से 62 वर्ष उम्र के आधार पर की गई। दो मई 2017 को उम्र की सीमा 40 से 65 वर्ष कर दी गई। जिसमें विरोध में शासन से आग्रह किया गया। लेकिन शासन द्वारा इस पर विचार नहीं किया गया। जिसके कारण हमें कोर्ट का सहारा लेना पड़ा। कोर्ट में हमारी सुनवाई चल रही है लेकिन इसमें अधिक से अधिक लोग याची बनें। ताकि हमारे साथ न्याय हो सके। इस मामले में 12 दिसंबर को अगली सुनवाई होनी है। इस मौके पर हरिवंश सिंह, भागवत यादव, धर्मेंद्र यादव, प्रहलाद, हरेंद्र यादव, अजय सिंह, अजय सोनकर, महेंद्र यादव, महेंद्र, इंद्रेश चौहान आदि उपस्थित थे।