डॉ. राम मनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय में फेरबदल की शुरुआत हो गई है। कुलपति प्रो. प्रतिभा गोयल के लंबे अवकाश पर जाने के बाद कार्यवाहक कुलपति बनाए गए डॉ. बिजेंद्र सिंह ने सबसे पहले मीडिया प्रभारी के पद पर परिवर्तन किया है।
अभी तक मीडिया प्रभारी का दायित्व संभाल रहे डॉ. विजयेन्दु चतुर्वेदी के स्थान पर अब यह जिम्मेदारी जनसंचार एवं पत्रकारिता विभाग के अतिथि प्रवक्ता डॉ. राज नारायण पांडेय को सौंपी गई है। इतना ही नहीं प्रभारी कुलपति के आदेश पर प्रभारी कुलसचिव प्रो. एसएस मिश्र की ओर से जारी पत्र के अनुसार डॉ. चतुर्वेदी को जनसंचार एवं पत्रकारिता विभाग के समन्वयक पद से भी हटा दिया गया है। उनके स्थान पर यह दायित्व प्रौढ़ सतत व प्रसार शिक्षा विभाग के निदेशक प्रो. अनूप कुमार को सौंपा गया है।
विश्वविद्यालय प्रशासन से जुड़े सूत्रों ने बताया कि पिछले दिनों प्रभारी कुलपति की अध्यक्षता में आयोजित विभागाध्यक्षों की एक बैठक में मीडिया प्रभारी डॉ. चतुर्वेदी से प्रभारी कुलपति की बहस हो गई थी। प्रभारी कुलपति ने विश्वविद्यालय और सात जिलों के संबद्ध कॉलेजों में चल रही परीक्षा के दौरान नकलचियों के पकड़े जाने की सूचना मीडिया को जारी करने के बारे में सवाल पूछा था। इस पर मीडिया प्रभारी ने बताया था कि वर्षों से यह प्रक्रिया हर वर्ष परीक्षा के दौरान जारी रहती है। मीडिया की भी अपेक्षा होती है कि सातों जिलों की परीक्षा से सबंधित संकलित सूचना उपलब्ध कराई जाए। इस पर प्रभारी कुलपति ने आपत्ति जताते हुए नकलची पकड़े जाने की सूचना मीडिया को जारी न करने की नसीहत दी थी। इस बदलाव को प्रभारी कुलपति की इसी बैठक में हुए घटनाक्रम से जोड़कर देखा जा रहा है। डॉ. चतुर्वेदी पिछले छह सालों से पत्रकारिता विभाग के समन्वयक के साथ मीडिया प्रभारी की जिम्मेदारी संभाल रहे थे।
प्रभारी कुलपति ने आवासीय परिसर में चल रही परीक्षा की व्यवस्था को परखा
आचार्य नरेंद्र देव कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के कुलपति और अवध विश्वविद्यालय के प्रभारी कुलपति डॉ. बिजेंद्र सिंह ने सोमवार को विश्वविद्यालय के आवासीय परिसर में चल रही स्नातक और परास्नातक सम सेमेस्टर परीक्षा की व्यवस्था को परखा। इस दौरान उन्होंने आवासीय परिसर के विभिन्न भवनों का निरीक्षण किया। यहां पर आयोजित हो रही परीक्षा के लिए की गई व्यवस्थाओं पर संतोष जताया। इस दौरान प्रभारी कुलसचिव और चीफ प्रॉक्टर प्रो. एसएस मिश्र और प्रभारी परीक्षा नियंत्रक प्रो. सिद्धार्थ शुक्ल भी मौजूद रहे।