112 बिंदुओं में आंदोलन से निर्माण तक का सफर
40 पेज की इस पुस्तक में 112 बिंदुओं में राम जन्मभूमि आंदोलन के दौर से लेकर सुप्रीम कोर्ट के फैसले और उसके बाद मंदिर निर्माण तक की घटनाओं का उल्लेख किया गया है। पुस्तक में मंदिर निर्माण से जुड़े विभिन्न प्रसंगों, निर्णयों और इसमें जुड़े लोगों की भूमिका का भी जिक्र है।
यही वजह है कि राम मंदिर आंदोलन और निर्माण की अंदरूनी यात्रा को जानने के लिहाज से पुस्तक को महत्वपूर्ण दस्तावेज के तौर पर देखा जा रहा है। पुस्तक की प्रतियां डाक के जरिये देश के अलग-अलग हिस्सों में भेजी जा रही हैं। अयोध्या में भी संत-महंतों और आंदोलन से जुड़े लोगों तक इसे पहुंचाया जा रहा है। बताया जा रहा है कि कई लोगों को पुस्तक व्यक्तिगत रूप से भी भेंट की गई है।