अयोध्या। श्रीराम जन्मभूमि मंदिर के प्रथम तल पर स्थापित राम परिवार की प्रथम वर्षगांठ मंगलवार को गंगा दशहरा के पावन अवसर पर श्रद्धा और भक्ति भाव के साथ मनाई जाएगी। इस अवसर पर राम मंदिर परिसर में विशेष हवन-पूजन और धार्मिक अनुष्ठानों का आयोजन होगा।
मंदिर ट्रस्ट की ओर से कार्यक्रम को सादे लेकिन आध्यात्मिक वातावरण में आयोजित किया जाएगा। राम मंदिर की यज्ञशाला में विशेष वैदिक अनुष्ठान होंगे, वहीं राम परिवार का आकर्षक श्रंगार कर नवीन वस्त्र अर्पित किए जाएंगे। भगवान को 56 भोग भी लगाया जाएगा तथा वाल्मीकि रामायण का पारायण किया जाएगा। गौरतलब है कि पिछले वर्ष पांच जून को गंगा दशहरा के अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राम परिवार की प्राण प्रतिष्ठा एवं स्थापना की थी। इसी दिन शेषावतार मंदिर और परकोटा में निर्मित छह उप मंदिरों की स्थापना भी संपन्न हुई थी। हिंदी पंचांग के अनुसार इस वर्ष यह प्रथम वर्षगांठ 26 मई को मनाई जा रही है। मंदिर परिसर को इस अवसर पर विशेष रूप से सजाया जा रहा है। धार्मिक अनुष्ठानों के दौरान वैदिक मंत्रोच्चार और भजन-कीर्तन से पूरा वातावरण भक्तिमय रहेगा। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना को देखते हुए मंदिर प्रशासन ने आवश्यक व्यवस्थाएं भी पूरी कर ली हैं।
सजेगी मां सरयू की झांकी, 5051 बत्ती की होगी महाआरती
गंगा दशहरा के अवसर पर सरयू अवध बालक समाज, आंजनेय सेवा संस्थान, पर्यटन एवं संस्कृति विभाग एवं अंतरराष्ट्रीय रामायण एवं वैदिक शोध संस्थान के संयुक्त संयोजन में गंगा दशहरा उत्सव का आयोजन होगा। आंजनेय सेवा संस्थान के अध्यक्ष महंत शशिकांत दास ने बताया कि इस अवसर पर मां सरयू की 5051 बत्ती की महाआरती उतारी जाएगी। शाम को पांच से सात बजे तक भजन संध्या का आयोजन होगा। साथ ही मां सरयू की फूल बंगला झांकी सजाई जाएगी। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में संत-धर्माचार्य शामिल होंगे।