अयोध्या। नगर निगम ने शहर में इंटेलीजेंट ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम (आईटीएमएस) लागू किया है। इसके तहत आधुनिक ट्रैफिक लाइट्स और हाईटेक कैमरे स्थापित किए गए हैं। यह सिस्टम न केवल शहर के प्रमुख स्थानों की निगरानी कर रहा है बल्कि ट्रैफिक नियम तोड़ने वालों के खिलाफ स्वचालित चालान की कार्रवाई भी सुनिश्चित कर रहा है। अब तक 36,555 वाहन चालकों का चालान हुआ है।
47 करोड़ के इस प्रोजेक्ट के पहले चरण का मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने वर्ष 2022 में शुभारंभ किया था। इसके तहत शहर के 20 प्रमुख चौराहों पर ट्रैफिक लाइट्स लगाई गई हैं। यहां नियमों का सख्ती से पालन कराया जा रहा है। इन चौराहों पर लगे कैमरे सिग्नल तोड़ने, ओवरस्पीडिंग और हेलमेट न पहनने को रिकॉर्ड करते हैं। इसके आधार पर चालान जारी किए जाते हैं। अब तक इस सिस्टम के जरिए 36,555 वाहनों के चालान किए जा चुके हैं। आईटीएमएस के तहत लगे कैमरे न केवल ट्रैफिक प्रबंधन में सहायक हैं बल्कि शहर की सुरक्षा व्यवस्था को भी मजबूत कर रहे हैं। इनसे प्राप्त डेटा पुलिस को अपराध नियंत्रण और भीड़ प्रबंधन में भी मदद कर रहा है।
आईटीएमएस के तहत चालान की कार्रवाई रामलला के प्राण प्रतिष्ठा के समय ही शुरू हो गई थी। अब तक 36,555 वाहन चालकों के चालान कट चुके हैं। इन्हें यदि जुर्माने में देखा जाए तो यण्तीन करोड़ 66 लाख 22 हजार बताई जा रही है। इसमें से सिर्फ 12 लाख 35 हजार 700 रुपये जमा हो सके हैं।
आईटीएमएस के तहत शहर के 20 चौराहों पर ट्रैफिक लाइट्स लगाई गई हैं। संचालन अभी 14 स्थानों पर ही हो रहा है। सहादतगंज बाईपास, शांति चौक, साकेत पेट्रोल पंप, हनुमान गुफा व देवकाली बाईपास पर निर्माण कार्यों के चलते ट्रैफिक लाइट्स बंद हैं।
नगर आयुक्त संतोष शर्मा ने बताया कि इस प्रणाली से सड़क हादसों में कमी आई है। अयोध्या आने वाले श्रद्धालुओं को सुरक्षित व व्यवस्थित यातायात का लाभ मिल रहा है। इसके लागू होने के बाद कई क्षेत्र जाम से मुक्त हो गए हैं। अयोध्या को महानगर की श्रेणी में स्थापित करने का यह योगी सरकार का प्रयास है। ट्रैफिक लाइट्स और कैमरे की फुटेज की अमानीगंज के जलकल कार्यालय में बने कंट्रोल रूम से निगरानी की जाती है। लोगों को हेलमेट लगाने के साथ ही नियमों का पालन करने के लिए जागरूक भी किया जा रहा है।