राम मंदिर में निर्माण सहायक के रूप में पिछले 2022 से सेवा दे रहे गोपाल राव को हटाए जाने की संभावना लगभग तय मानी जा रही है। गोपाल राव राम मंदिर ट्रस्ट में किसी पद पर नहीं थे, लेकिन मंदिर की व्यवस्थाओं में उनका पूरा दखल है। अब चूंकि मंदिर निर्माण कार्य पूरा हो चुका है, इसलिए उनकी छुट्टी की जा सकती है। वहीं जांच के निष्कर्षों और बढ़ते विवाद के बीच वरिष्ठ पदाधिकारी राम मंदिर ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय और सदस्य डॉ. अनिल मिश्र भी अगले कुछ महीनों में स्वास्थ्य आदि का हवाला देकर स्वयं को व्यवस्थाओं से अलग कर सकते हैं। हालांकि इस संबंध में अभी कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है।