अयोध्या। राज्य विद्युत परिषद जूनियर इंजीनियर संगठन के केंद्रीय नेतृत्व के आह्वान पर मंगलवार को निजीकरण के विरोध में मुख्य अभियंता कार्यालय पर अवर अभियंताओं ने विरोध प्रदर्शन किया। इस मौके पर संगठन के केंद्रीय उपाध्यक्ष सतवीर सिंह ने कहा कि निजीकरण किसी भी स्तर पर स्वीकार्य नहीं होगा। निजीकरण से बिजली दरें महंगी होंगी। गरीब परिवारों के घरों में अंधेरा छा जाएगा। समाज लालटेन युग में चला जाएगा। समाज में लाचारी व बेरोजगारी बढ़ेगी।
जिलाध्यक्ष दिलीप कुमार ने कहा कि दो बड़े डिस्कॉम के निजीकरण के पीछे बहुत बड़े घोटाले को अंजाम देने की कार्य योजना प्रबंधन तैयार कर रहा है। संगठन इसकी निंदा करता है। यदि निजीकरण की कार्यवाही नहीं रोकी गई तो 29 मई से कार्य बहिष्कार किया जाएगा। ऐसे में किसी भी प्रकार की औद्योगिक अशांति या विद्युत व्यवधान होता है तो इसकी जिम्मेदारी उच्च प्रबंधन की होगी।
क्षेत्रीय सचिव अमरदीप श्रीवास्तव ने बताया कि निजीकरण किसी भी तरह से जनहित में नहीं है। निजीकरण के विरोध में संगठन के लोग जेल जाने को भी तैयार हैं। जेल के सक्षम अधिकारियों से भी संपर्क किया जाएगा। जेल भरो आंदोलन करके निजीकरण की कार्यवाही वापस कराई जाएगी। इस मौके पर अवर अभियंता प्रवीण त्रिपाठी, किशन चौरसिया, नरेश जायसवाल, वाईके द्विवेदी, रंजीत कुमार, अरविंद यादव, पीके गुप्ता, सुनील कुमार आदि मौजूद रहे।