अयोध्या। सात साल पहले पत्नी की सिल बट्टे से नृशंस हत्या करने के मामले में आरोपी पति नरसिंह यादव को सबूत के अभाव में बरी कर दिया गया। यह फैसला जनपद न्यायाधीश रणंजय कुमार वर्मा ने सोमवार को सुनाया है। अभियोजन के अनुसार घटना थाना क्षेत्र इनायत नगर में 2018 में हुई थी।
सुल्तानपुर जिले के बल्दीराय थाना क्षेत्र के निवासी छोटेलाल की पुत्री पूर्णिमा का विवाह वर्ष 2008 में नरसिंह यादव पुत्र राम लगन के साथ हुआ था। नरसिंह अपनी पत्नी के साथ पांच नंबर को चौराहे पर मकान बनाकर रह रहा था। 10/11 जुलाई 2018 की रात में नरसिंह ने अपनी पत्नी पूर्णिमा की सिल बट्टे से मार कर हत्या कर दिया था। पुलिस ने हत्या के अपराध में पति के खिलाफ केस किया था। कोर्ट में सुनवाई के दौरान आरोप पत्र में भेजे गए 16 गवाहों में से पांच साक्षी की पेश किए गए।
न्यायाधीश ने पत्रावली पर मौजूद सबूत में पाया कि जिस मकान को लेकर विवाद व हत्या जैसा गंभीर अपराध होना कहा जा रहा है वह अभियुक्त ने राजी खुशी से मृतका पूर्णिमा के नाम कराया था। न्यायालय ने सभी तथ्यों के अवलोकन के बाद पत्नी की हत्या के मामले में आरोपी पति नरसिंह यादव को आरोप से बरी कर दिया। (संवाद)