अयोध्या। लगातार चुनौतीपूर्ण हो रही रामनगरी की सुरक्षा व्यवस्था भविष्य में और हाईटेक होगी। इसके लिए जिले को 2,118 अत्याधुनिक कैमरों से लैस कर सुरक्षा घेरा अभेद्य किया जाएगा। इसमें एएनपीआर, एफआरएस व पीटीजेड जैसे अत्याधुनिक कैमरे लगाए जाएंगे। पुलिस ने 420 स्थान चिह्नित करके गृह विभाग को प्रस्ताव भेजा है।
राम मंदिर की पूर्णता के बाद से अब अयोध्या सिर्फ धार्मिक ही नहीं, बल्कि पर्यटन नगरी के रूप में भी विकसित हो चुकी है। पर्यटन विभाग के आंकड़ों के अनुसार गत वर्ष लगभग 40 करोड़ पर्यटक व श्रद्धालु यहां आ चुके हैं। हर समय होने वाले वीवीआईपी मूवमेंट के दौरान भी सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रखना चुनौतीपूर्ण रहता है। भविष्य में पर्यटकों की भीड़ व वीवीआईपी गतिविधियां और बढ़ने की उम्मीद है। इस लिहाज से पुलिस ने स्थायी रूप से सुरक्षा का मजबूत खाका तैयार करना शुरू कर दिया है।
इसके लिए 2,118 कैमरे बढ़ाने की तैयारी है, जिसमें 1,216 बॉक्स कैमरे, 344 एएनपीआर (ऑटोमैटिक नंबर प्लेट रिकॅग्निशन), 144 एफआरएस (फेसियल रिकॅग्निशन सिस्टम) व 414 पीटीजेड (पैन टिल्ट जूम) कैमरे शामिल हैं। इनमें अयोध्या शहर में 766, अयोध्या धाम में 618 व जिले की सीमाओं पर 734 कैमरे स्थापित होंगे। 157 स्थानों पर पीए सिस्टम (पब्लिक एड्रेसिंग सिस्टम), 33 जगहों पर ईसीबी सिस्टम (इलेक्ट्रॉनिक कंट्रोल बॉक्स) व पांच जगहों पर वीएमडी (वेरिएबल मेसेज डिस्प्ले) स्थापित किया जाएगा।
इस तरह काम करेंगे कैमरे
एएनपीआर कैमरे वाहनों की नंबर प्लेट स्वतः पढ़कर उनका रिकॉर्ड तैयार करेंगे। किसी संदिग्ध या चोरी के वाहन की पहचान तुरंत पुलिस तक पहुंचेगी। यातायात नियमों के उल्लंघन पर भी नजर रखी जाएगी। एफआरएस कैमरे चेहरों की पहचान में सक्षम होते हैं। पुलिस के डाटाबेस में मौजूद अपराधी या संदिग्ध व्यक्तियों का मिलान कर तुरंत अलर्ट जारी किया जा सकता है। इससे भीड़ में भी किसी खास व्यक्ति को ट्रैक करना आसान होगा। पीटीजेड कैमरे 360 डिग्री तक घूम सकते हैं और दूर तक जूम कर सकते हैं। कंट्रोल रूम से इन्हें ऑपरेट कर किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर फोकस किया जा सकता है। भीड़भाड़ वाले इलाकों में इनकी भूमिका सबसे अहम रहेगी।
पीए सिस्टम से पहुंचेगा संदेश
पब्लिक एड्रेसिंग सिस्टम के जरिए प्रशासन सीधे लोगों तक संदेश पहुंचा सकेगा। किसी आपात स्थिति, सुरक्षा अलर्ट या भीड़ नियंत्रण के दौरान तत्काल घोषणा की जा सकेगी। वहीं, पांच प्रमुख स्थानों पर वीएमडी लगाए जाएंगे। यह एक स्क्रीन होगी, जिस पर जाम, मार्ग बंद हाेने, डायवर्जन और अन्य जरूरी सूचनाएं रियल टाइम में अपडेट होती रहेंगी, जिससे यात्रियों को परेशानी से बचाया जा सकेगा। सभी कैमरे और डिवाइस को ईसीबी सिस्टम से जोड़कर ऑपरेट किया जाएगा। कंट्रोल रूम में 24 घंटे निगरानी होगी। किसी संदिग्ध गतिविधि पर तुरंत अलर्ट मिल सकेगा।
वर्जन...
अयोध्या धाम की संवेदनशीलता को देखते हुए सुरक्षा घेरा लगातार सख्त किया जा रहा है। सभी कैमरे एकीकृत कमांड और कंट्रोल सेंटर से जुड़े रहेंगे, जहां से 24 घंटे निगरानी की जाएगी। किसी भी संदिग्ध गतिविधि या आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधा और सुगम यातायात उपलब्ध कराना इसका उद्देश्य है।
-डॉ. गौरव ग्रोवर, एसएसपी, अयोध्या